US Iran Tensions: मिडिल ईस्ट में हालात एक बार फिर तनावपूर्ण होते नजर आ रहे हैं. दुनिया के सबसे अहम समुद्री व्यापारिक मार्गों में शामिल होर्मुज जलडमरूमध्य में पिछले 24 घंटों के भीतर तीसरे वाणिज्यिक जहाज पर हमला होने की खबर सामने आई है. लगातार हो रहे इन हमलों ने अंतरराष्ट्रीय समुद्री सुरक्षा और वैश्विक व्यापार को लेकर नई चिंताएं पैदा कर दी हैं. यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है, जब अमेरिका और ईरान के बीच अंतरिम एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर होने के बाद समझौता किया जा चुका है.
UKMTO ने की हमले की पुष्टि
यूके मैरिटाइम ट्रेड ऑपरेशन्स (UKMTO) के अनुसार, ताजा घटना में एक टैंकर को किसी अज्ञात वस्तु से निशाना बनाया गया. शुरुआती जानकारी के मुताबिक इस हमले में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है और न ही बड़े नुकसान की पुष्टि हुई है. हालांकि, इस घटना के बाद होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले वाणिज्यिक जहाजों की सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ गई है.
24 घंटे में तीसरी घटना
यह हमला मंगलवार को हुई दो अलग-अलग घटनाओं के बाद सामने आया है. इन घटनाओं में कतर के एलएनजी कैरियर और सऊदी अरब के झंडे वाले कच्चे तेल के टैंकर को निशाना बनाया गया था. लगातार तीसरे हमले ने यह संकेत दिया है कि इस समुद्री मार्ग पर सुरक्षा जोखिम अभी भी बरकरार है.
समाचार एजेंसी के मुताबिक, ताजा हमले में टैंकर किसी अज्ञात प्रोजेक्टाइल से टकराया, जिससे जहाज को संरचनात्मक नुकसान पहुंचा. हालांकि अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि किसी के घायल होने, तेल रिसाव या समुद्री प्रदूषण की कोई सूचना नहीं मिली है. मामले की जांच जारी है और इस क्षेत्र से गुजरने वाले जहाजों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की सलाह दी गई है. साथ ही किसी भी संदिग्ध गतिविधि या घटना की तत्काल रिपोर्ट करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं.
कतर ने ईरान पर लगाया आरोप
इस घटनाक्रम से पहले कतर ने अपने एलएनजी कैरियर अल रेकय्यात पर हुए हमले के लिए ईरान को जिम्मेदार ठहराया था. कतर का दावा है कि जहाज पर हमला ईरान की ओर से किया गया. इसके कुछ घंटों बाद ही तीसरे जहाज पर हमला होने की खबर सामने आई. रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, कतर के एलएनजी कैरियर को एक ड्रोन ने निशाना बनाया था, जिससे जहाज के इंजन रूम में आग लग गई. हालांकि सभी क्रू सदस्य सुरक्षित बताए गए हैं और राहत एवं बचाव कार्य जारी है.
वैश्विक व्यापार और समुद्री सुरक्षा पर बढ़ी चिंता
कतर के विदेश मंत्री माजेद अल अंसारी ने इस हमले को वैश्विक व्यापार और समुद्री सुरक्षा पर सीधा हमला बताया है. उन्होंने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करार देते हुए ईरान से इस तरह की घटनाओं को रोकने की अपील की है. लगातार हो रहे इन हमलों के बाद होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़े समुद्री मार्गों की सुरक्षा को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ गई है. फिलहाल घटनाओं की जांच जारी है और संबंधित एजेंसियां पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं.
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