नई दिल्ली: भारत और अमेरिका के बीच हुई ट्रेड डील इस वक्त सिर्फ कूटनीतिक गलियारों तक सीमित नहीं रही, बल्कि संसद से लेकर अंतरराष्ट्रीय मंच तक चर्चा का केंद्र बन चुकी है. जहां दुनिया के कई देश इस समझौते को भारत की बढ़ती आर्थिक ताकत और वैश्विक नेतृत्व के रूप में देख रहे हैं, वहीं देश के भीतर विपक्ष इसे किसानों और घरेलू हितों के खिलाफ बता रहा है. लोकसभा में लगातार दूसरे दिन इस मुद्दे पर तीखी बहस देखने को मिली, जहां विपक्ष ने आशंका जताई कि इस डील से भारतीय कृषि और छोटे कारोबार पर दबाव बढ़ सकता है. इन आरोपों का जवाब देते हुए केंद्रीय वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने सरकार का पक्ष मजबूती से रखा और कहा कि भारत-अमेरिका ट्रेड डील पूरी तरह संतुलित, पारदर्शी और राष्ट्रीय हितों को ध्यान में रखकर तैयार की गई है.