जनता के आगे झुकी पाकिस्तान सरकार! 80 रुपये सस्ता किया पेट्रोल, शहबाज शरीफ को क्यों लेना पड़ा यू-टर्न?

पाकिस्तान में पेट्रोल की कीमतों को लेकर बड़ा उलटफेर देखने को मिला है. प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की सरकार ने अचानक पेट्रोल के दाम में 80 रुपये प्रति लीटर की कटौती का ऐलान कर दिया है.

Pakistan made petrol cheaper by Rs 80 Why Shahbaz Sharif take a U-turn
Image Source: Social Media

Pakistan Petrol Price: पाकिस्तान में पेट्रोल की कीमतों को लेकर बड़ा उलटफेर देखने को मिला है. प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की सरकार ने अचानक पेट्रोल के दाम में 80 रुपये प्रति लीटर की कटौती का ऐलान कर दिया है. इस फैसले के बाद अब पेट्रोल की कीमत घटकर 378 रुपये प्रति लीटर हो गई है.

यह घोषणा शुक्रवार देर रात की गई, जिसने आम जनता को कुछ राहत जरूर दी, लेकिन इससे पहले लिए गए फैसलों को लेकर सरकार पर सवाल भी खड़े हो गए हैं.

एक दिन पहले बढ़ाए थे दाम

चौंकाने वाली बात यह है कि यह राहत उस बड़े झटके के ठीक अगले दिन आई है, जब सरकार ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भारी बढ़ोतरी की थी. बढ़ोतरी के बाद पेट्रोल 458.40 रुपये प्रति लीटर और डीजल 520.35 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गया था.

सरकार के इस फैसले से पहले ही आर्थिक संकट से जूझ रही जनता पर भारी बोझ पड़ा और पूरे देश में नाराजगी फैल गई.

जनता के विरोध के बाद लिया फैसला

कीमतों में बढ़ोतरी के बाद लोगों का गुस्सा सड़कों पर नजर आया. कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन हुए और पेट्रोल पंपों पर लंबी कतारें लग गईं.

सरकार का कहना था कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उछाल, खासकर अमेरिका-ईरान और इजराइल के बीच तनाव के कारण यह फैसला लेना पड़ा था. पेट्रोलियम मंत्री अली परवेज मलिक ने भी इसे मजबूरी बताया था.

हालांकि, जनता के बढ़ते दबाव के बाद सरकार को अपना फैसला बदलना पड़ा और कीमतों में कटौती का ऐलान किया गया.

पेट्रोल की नई कीमत और सरकार का तर्क

प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अपने संबोधन में कहा कि पेट्रोल की कीमत 458 रुपये से घटाकर 378 रुपये प्रति लीटर कर दी गई है. उन्होंने बताया कि यह राहत पेट्रोलियम लेवी में कमी करके दी जा रही है और इसका पूरा वित्तीय बोझ सरकार खुद उठाएगी.

आम लोगों के लिए राहत पैकेज

पेट्रोल सस्ता करने के साथ-साथ सरकार ने कई राहत उपायों का भी ऐलान किया है, ताकि आम लोगों पर आर्थिक दबाव कम किया जा सके.

दोपहिया वाहन चालकों को प्रति लीटर 100 रुपये तक की सब्सिडी दी जाएगी, हालांकि यह राहत एक सीमा तक लागू होगी. इसके अलावा ट्रेन के किराए नहीं बढ़ाने का फैसला लिया गया है.

राजधानी इस्लामाबाद, पंजाब और सिंध में बस सेवाओं को मुफ्त रखने की घोषणा की गई है, जिससे रोजाना यात्रा करने वाले लोगों को राहत मिलेगी.

किसानों और ट्रांसपोर्ट सेक्टर को मदद

सरकार ने किसानों और ट्रांसपोर्टरों के लिए भी विशेष आर्थिक सहायता का ऐलान किया है. सिंध सरकार ने 55 अरब रुपये के पैकेज की घोषणा की है, जिसके तहत करीब 67 लाख बाइक मालिकों को हर महीने 2000 रुपये दिए जाएंगे.

वहीं पंजाब में किसानों को डीजल पर सब्सिडी और ट्रांसपोर्ट सेक्टर को नकद सहायता देने का निर्णय लिया गया है.

कैबिनेट का बड़ा फैसला

आर्थिक बोझ को कम करने के लिए प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और उनकी पूरी कैबिनेट ने अगले 6 महीने तक वेतन नहीं लेने का फैसला भी किया है. इसे सरकार की ओर से एक प्रतीकात्मक कदम माना जा रहा है, जिससे जनता के बीच सकारात्मक संदेश देने की कोशिश की गई है.

हालांकि पेट्रोल की कीमतों में कटौती और राहत पैकेज से लोगों को कुछ राहत मिली है, लेकिन सरकार के अचानक फैसलों ने नीति की स्थिरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं. पहले कीमतों में भारी बढ़ोतरी और फिर तुरंत कटौती को लेकर विपक्ष और आम जनता दोनों ही सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं.

ये भी पढ़ें- BCCI ने पंजाब किंग्स की पूरी टीम पर लगाया जुर्माना, कप्तान समेत सभी खिलाड़ियों पर लगा फाइन, जानें वजह