Silver Price: क्या आप चांदी खरीदते हैं या खरीदने का प्लान बना रहे हैं? तो थोड़ा सावधान रहना जरूरी है, क्योंकि हाल के एक सर्वे में सामने आया है कि पिछले कुछ सालों में काफी लोग चांदी खरीदते समय धोखाधड़ी का शिकार हुए हैं. यह आंकड़ा दिखाता है कि बाजार में अभी भी पूरी पारदर्शिता नहीं है और ग्राहकों को खुद सतर्क रहना होगा.
सर्वे के मुताबिक, करीब 30 प्रतिशत से ज्यादा लोग चांदी खरीदते समय किसी न किसी तरह की ठगी का सामना कर चुके हैं. यानी हर 10 में से लगभग 3 लोग धोखा खा जाते हैं. कुछ लोगों ने बताया कि उनके साथ एक बार ठगी हुई, जबकि कई लोगों ने इस बारे में कुछ भी नहीं कहा. इसका मतलब है कि असली संख्या इससे भी ज्यादा हो सकती है.
हॉलमार्किंग क्यों जरूरी है
इसी समस्या को देखते हुए ज्यादातर लोगों ने चांदी पर हॉलमार्किंग को जरूरी बनाने की मांग की है. हॉलमार्किंग का मतलब होता है कि गहने या सामान की शुद्धता की आधिकारिक जांच हो चुकी है और उस पर एक निशान लगा है.
सरकार ने भी इस दिशा में कदम उठाया है और चांदी के सामान के लिए हॉलमार्किंग सिस्टम लागू किया है. यह नियम 1 सितंबर 2025 से शुरू हुआ, ताकि ग्राहकों को सही और शुद्ध सामान मिल सके.
मोबाइल ऐप से करें जांच
अब ग्राहक खुद भी चांदी के सामान की जानकारी जांच सकते हैं. इसके लिए BIS Care App का इस्तेमाल किया जा सकता है. इस ऐप के जरिए आप आसानी से जान सकते हैं कि सामान कितना शुद्ध है, हॉलमार्क कब हुआ, जांच किस केंद्र में हुई और ज्वेलर रजिस्टर्ड है या नहीं.
कैसे बचें ठगी से
चांदी या सोना खरीदते समय हमेशा भरोसेमंद और प्रमाणित ज्वेलर से ही खरीदारी करें. बिना हॉलमार्क वाले सामान से बचें और खरीदने से पहले पूरी जानकारी जरूर लें. थोड़ी सी सावधानी आपको बड़े नुकसान से बचा सकती है. इसलिए जल्दबाजी में फैसला लेने के बजाय सही जांच-पड़ताल के बाद ही खरीदारी करें.
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