यात्रीगण कृपया ध्यान दें! अब बिना OTP नहीं मिलेगा ट्रेन का तत्काल टिकट, जानिए रेलवे ने क्यों बदला नियम

Tatkal Ticket Booking: रेलवे ने तत्काल टिकट बुकिंग को और भी सरल और पारदर्शी बनाने के लिए एक नई व्यवस्था शुरू की है. अब आरक्षण काउंटरों पर ओटीपी (वन टाइम पासवर्ड) आधारित टिकट बुकिंग प्रणाली लागू की जाएगी.

Railways Tatkal ticket booking OTP Verification at counters
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Tatkal Ticket Booking: रेलवे ने तत्काल टिकट बुकिंग को और भी सरल और पारदर्शी बनाने के लिए एक नई व्यवस्था शुरू की है. अब आरक्षण काउंटरों पर ओटीपी (वन टाइम पासवर्ड) आधारित टिकट बुकिंग प्रणाली लागू की जाएगी. यह बदलाव आने वाले कुछ दिनों में सभी रेलवे स्टेशनों पर लागू होगा, जिससे यात्रियों के लिए तत्काल टिकट बुक करना और भी आसान हो जाएगा. इस नई प्रक्रिया का उद्देश्य टिकट बुकिंग में पारदर्शिता लाना और उन यात्रियों को राहत देना है जिन्हें तत्काल टिकट लेने में समस्याओं का सामना करना पड़ता है.

ओटीपी आधारित तत्काल टिकट बुकिंग प्रणाली

रेलवे द्वारा लागू की गई इस नई ओटीपी आधारित प्रणाली के तहत, यात्रियों को अब टिकट बुक करने के लिए अपने मोबाइल पर एक ओटीपी (वन टाइम पासवर्ड) प्राप्त करना होगा. पहले यात्रियों को अपने आरक्षण फार्म पर सही मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा, और फिर उनके नंबर पर ओटीपी भेजा जाएगा. काउंटर कर्मचारी इस ओटीपी को सिस्टम में दर्ज करेंगे, और तभी टिकट जारी किया जाएगा. इस प्रक्रिया से सुनिश्चित होगा कि टिकट केवल वही व्यक्ति प्राप्त करेगा, जिसका मोबाइल नंबर ओटीपी प्राप्त करेगा.

ऑनलाइन बुकिंग में पहले ही हुआ था बदलाव

रेलवे ने पिछले कुछ सालों में ऑनलाइन टिकट बुकिंग में कई सुधार किए हैं, जिनसे पारदर्शिता और सुरक्षा बढ़ी है. जुलाई 2025 में आधार आधारित ओटीपी सिस्टम को ऑनलाइन तत्काल टिकटों के लिए लागू किया गया था. अक्टूबर 2025 में, सभी सामान्य ऑनलाइन टिकट बुकिंग के लिए भी ओटीपी सत्यापन को अनिवार्य कर दिया गया. इन बदलावों के बाद यात्रियों की सुविधा बढ़ी है और फर्जी बुकिंग में कमी आई है.

काउंटर पर ओटीपी आधारित टिकट बुकिंग का परीक्षण

17 नवंबर 2025 को रेलवे ने काउंटर पर ओटीपी आधारित तत्काल टिकट बुकिंग का पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया था. शुरुआत में इसे 52 ट्रेनों पर लागू किया गया था और कुछ हफ्तों के प्रयोग में यह प्रणाली सफल रही. रेलवे ने पाया कि यह तकनीक दुरुपयोग को रोकने में कारगर साबित हो रही है. इसके बाद रेलवे ने इसे सभी ट्रेनों और काउंटरों पर लागू करने का निर्णय लिया है.

फर्जी टिकटों पर रोक

इस नई प्रणाली का सबसे बड़ा फायदा यह है कि फर्जी टिकट बुकिंग को रोका जा सकेगा. यात्रियों को अब फर्जी नंबर देकर टिकट लेने या तत्काल कोटे को ब्लॉक करने की गतिविधियों से निजात मिलेगी. ओटीपी आधारित सत्यापन से केवल वही व्यक्ति टिकट प्राप्त करेगा, जिसका मोबाइल नंबर दर्ज किया गया है. इससे असली यात्रियों को तत्काल टिकट मिलने की संभावना बढ़ जाएगी और बिचौलियों का काम भी मुश्किल हो जाएगा.

यात्रा अनुभव को और सुरक्षित बनाना

काउंटर पर टिकट बुकिंग की प्रक्रिया अब अधिक सुरक्षित और विश्वसनीय होगी. यात्रा के दौरान यात्रियों को यह विश्वास होगा कि उनका टिकट वास्तविक सत्यापन के बाद जारी हुआ है. इस नई प्रणाली से रेलवे का उद्देश्य यात्रियों को परेशानी से बचाना और उनकी यात्रा को और भी आरामदायक बनाना है.

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