चंडीगढ़ : हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के इस्तीफे को लेकर राज्य की विपक्षी पार्टी कांग्रेस के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने भाजपा-जजपा (BJP-JJP) गठबंधन टूटने पर निशाना साधा है. आज खट्टर ने अपनी पूरी कैबिनेट का साथ इस्तीफा दे दिया है. कयास लगाए जा रहे हैं कि भाजपा का शीर्ष नेतृत्व राज्य के मुख्यमंत्री को बदलेगा और नई कैबिनेट बनाएगा. वहीं अल्पमत में आई बीजेपी को कुछ निर्दली समर्थन देने को तैयार हैं.
पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने हरियाणा के राजनीतिक संकट पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, "हरियाणा में एक और समझौता किया गया है. 2019 में, उन्होंने (बीजेपी और जेजेपी) अपने स्वार्थ के कारण गठबंधन बनाये थे. अब, गठबंधन खत्म करने का एक और समझौता किया है."
उन्होंने कहा, "जो 2019 में सरकार बनी थी. वह स्वार्थ का गठबंधन था. ये स्वार्थ में यार बने थे. अब एक और गठबंधन हुआ है, गठबंधन अलग करने का समझौता हो चुका है, स्वार्थ में."
वहीं हरियाणा के पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के बेटे और कांग्रेस नेता दीपेंद्र हुड्डा ने कहा, "उन्होंने कहा कि जब पूरा घटनाक्रम हो जाएगा तब हम विस्तार से इस पर अपनी बात कहेंगे. लेकिन हरियाणा में जो सब हो रहा है, वह हरियाणा की जनभावना के दबाव में हो रहा है. हरियाणा की जनता ने परिवर्तन का मन बना लिया है. हर वर्ग इस सरकार से नाराज है, निराश है और हरियाणा के जन-जन से यही आवाज आ रही कि हरियाणा में बदलाव तय है. ये सब जो हो रहा है उसी के दबाव में हो रहा है."
वहीं हरियाणा के निलोखेरी के विधायक धरमपाल गोंडर ने राज्य में बीजेपी सरकार का समर्थन करते हुए कहा, "हमने पहले ही बीजेपी को समर्थन दे दिया है. सीएम के साथ बैठक में हमने चुनाव क्षेत्र में हो कार्यों की चर्चा की. हमने बीजेपी-जजपा के गठबंधन पर कोई चर्चा नहीं की."
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