इस्लामाबाद: भारतीय वायुसेना ने 21 सितंबर से 7 अक्टूबर तक हवाई क्षेत्र के लिए नोटिस जारी किया है. इस दौरान बड़े सैन्य अभ्यास होने हैं. भारत की इस तैयारी से पाकिस्तान में हलचल बढ़ गई है. इस नोटिस के बाद पाकिस्तान के रक्षा अधिकारियों ने मामले को गंभीरता से लिया है और इसकी समीक्षा के लिए आपात बैठक बुलाई गई है.
न्यूज 18 की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान के रक्षा मंत्रालय ने भारत के इस नोटिस की पूरी जानकारी जुटाने और उसका असर समझने के लिए बैठक की. इस मामले की जानकारी पाकिस्तान के चीफ ऑफ डिफेंस फोर्सेज के कार्यालय को भी दी गई है. इससे पता चलता है कि पाकिस्तान भारत के सीमा के पास होने वाले सैन्य अभ्यासों को लेकर सतर्क है.
ख्वाजा आसिफ ने कहा- 'दमादम मस्त कलंदर'
पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने हालांकि भारत के सैन्य अभ्यास को लेकर चिंता की बात से इनकार किया है. एआरवाई न्यूज से बातचीत में उन्होंने कहा कि घबराने की कोई जरूरत नहीं है. उन्होंने कहा कि भारत ने अपने अभ्यास के लिए नोटम जारी किया है, लेकिन अगर इससे पाकिस्तान के लिए कोई खतरा पैदा होता है तो फिर वही होगा- 'दमादम मस्त कलंदर'.
India 🇮🇳 has announced air force exercises from September 21 to October 7.
— برهان الدین | Burhan uddin (@burhan_uddin_0) September 3, 2026
Do you think this is a cause for concern?
Khawaja Asif: There is no need for concern.
If India undertakes any misadventure, there will be a strong response, just as there was last time “Dama Dam Mast… pic.twitter.com/xIoexi0O2L
ख्वाजा आसिफ भले ही चिंता की बात को खारिज कर रहे हों, लेकिन दूसरी तरफ पाकिस्तान ने सीमा पर सुरक्षा बढ़ा दी है. पाकिस्तानी सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है और भारत-पाकिस्तान सीमा पर निगरानी बढ़ाई गई है.
पाकिस्तान बोला- जवाब देने के लिए तैयार
न्यूज 18 की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान के वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारियों ने कहा है कि उनकी सेना पूरी तरह तैयार है. उनका कहना है कि भारतीय वायुसेना की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है.
पाकिस्तान के सुरक्षा सूत्रों ने यह भी कहा है कि सैन्य अभ्यास के दौरान अगर भारत की तरफ से कोई ऐसी कार्रवाई होती है जिसे पाकिस्तान उकसावे के तौर पर देखता है, तो उसका 'मुंहतोड़ जवाब' दिया जाएगा.
हालांकि, ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भी पाकिस्तान ने भारत को जवाब देने की कोशिश की थी. उस समय भारतीय कार्रवाई में पाकिस्तान के 11 एयरबेस निशाने पर आए थे और कई जगहों पर ब्रह्मोस मिसाइलों से हमला किया गया था.
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