ईरान की मदद करना चाहते नेतन्याहू, उखड़ गए राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन! कहा- हालात देखो फिर...

इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने हाल ही में एक चौंकाने वाला बयान दिया है. उन्होंने कहा कि ईरान में पानी की गंभीर कमी को दूर करने में इजराइल मदद करेगा. यह सुनकर हैरानी होती है, क्योंकि कुछ ही हफ्ते पहले तक इजराइल और ईरान के बीच 12 दिन की जंग हुई थी. इस संघर्ष में ईरान के हजारों लोग मारे गए.

Netanyahu wants to help iran president masood reacted says see situation
ईरान की मदद करना चाहते नेतन्याहू

इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने हाल ही में एक चौंकाने वाला बयान दिया है. उन्होंने कहा कि ईरान में पानी की गंभीर कमी को दूर करने में इजराइल मदद करेगा. यह सुनकर हैरानी होती है, क्योंकि कुछ ही हफ्ते पहले तक इजराइल और ईरान के बीच 12 दिन की जंग हुई थी. इस संघर्ष में ईरान के हजारों लोग मारे गए, जबकि ईराइल में भी कई जानें गईं. दशकों से कट्टर विरोधी रहे इन देशों के बीच अब सवाल उठता है कि आखिर यह मदद किस तरह की होगी.

असल में, यह प्रस्ताव ईरानी जनता के लिए पानी की आपूर्ति को लेकर है. नेतन्याहू ने ईरानी लोगों से कहा कि जब ईरान मौजूदा सरकार से आजाद होगा, तब इजराइल उनकी पानी की समस्या को हल करने में मदद करेगा.

ईरान की प्रतिक्रिया

ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने इस प्रस्ताव पर तंज कसा. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि, "गाजा के लोगों से पानी और खाना छीनने वाला राज ईरान में पानी लाएगा? यह सिर्फ मृगतृष्णा है." पेजेश्कियन ने अपनी कैबिनेट मीटिंग में भी कहा कि पहले गाजा के मासूम बच्चों की हालत देखो, जो भूख, प्यास और दवाइयों की कमी से जूझ रहे हैं, और फिर दूसरों के लिए झूठी हमदर्दी दिखाओ.

ईरान में पानी की स्थिति गंभीर

ईरान में पानी की स्थिति बेहद चिंताजनक है. देश का 90 फीसदी हिस्सा सूखे की चपेट में है. इस संकट के मुख्य कारणों में इस साल सामान्य से कम बारिश और कृषि में अत्यधिक जल खपत शामिल हैं. देश के बांध और जलाशय खाली हो चुके हैं, जिससे जनता को गहरी जल संकट का सामना करना पड़ रहा है. The Globalist की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान लगभग 9 करोड़ आबादी वाला देश हर साल 100 अरब घन मीटर पानी खपत करता है, जो पड़ोसी तुर्की की तुलना में लगभग दोगुना है, जबकि तुर्की की जनसंख्या लगभग समान है.

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