नागालैंड के मोन में कुदरत का कहर! भीषण लैंडस्लाइड से कई घर जमींदोज, 3 की मौत... रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

Nagaland Landslide: लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच नागालैंड के मोन जिले की डिफेंस कॉलोनी में हुए भीषण भूस्खलन से कई मकान मलबे में दब गए. अब तक तीन शव बरामद हो चुके हैं, जबकि राहत एवं बचाव अभियान जारी है.

nagaland-mon-landslide-heavy-rain-rescue-operation-continues-today
Image Source: Internet

Nagaland Landslide: पूर्वोत्तर भारत में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश अब जानलेवा साबित होने लगी है. नागालैंड के मोन जिले से रविवार सुबह एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां भारी बारिश के कारण हुए भीषण भूस्खलन ने कुछ ही पलों में कई परिवारों की जिंदगी बदल दी. पहाड़ी से खिसकी भारी मात्रा में मिट्टी और चट्टानों ने डिफेंस कॉलोनी के कई पक्के मकानों को अपनी चपेट में ले लिया. कई घर पूरी तरह मलबे में तब्दील हो गए, जबकि कुछ तेज बहाव के साथ बह गए. हादसे के बाद पूरे इलाके में चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल बन गया. प्रशासन, सुरक्षा बल और बचाव एजेंसियां लगातार राहत एवं रेस्क्यू अभियान में जुटी हुई हैं.

मोन की डिफेंस कॉलोनी में मची तबाही

रविवार सुबह मोन शहर की डिफेंस कॉलोनी में अचानक हुए भूस्खलन ने भारी नुकसान पहुंचाया. शुरुआती जानकारी के अनुसार, लगभग 10 से 13 मकान इस प्राकृतिक आपदा की चपेट में आ गए. कई मकान पूरी तरह धराशायी हो गए, जबकि कुछ मकान मिट्टी और मलबे के साथ बह गए. स्थानीय लोगों के मुताबिक, लगातार हो रही बारिश के कारण पहाड़ी की मिट्टी कमजोर हो चुकी थी, जिसके चलते अचानक बड़े पैमाने पर लैंडस्लाइड हुआ.

मलबे से तीन शव बरामद

हादसे के बाद राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया गया. मोन के डिप्टी कमिश्नर वेन्येई कोन्याक ने बताया कि अब तक मलबे से तीन लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं. प्रशासन को आशंका है कि अभी भी चार अन्य लोग मलबे के नीचे फंसे हो सकते हैं. लापता लोगों की तलाश लगातार जारी है और बचाव दल हर संभावित स्थान पर सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं.

लगातार बारिश से मुश्किल हुआ रेस्क्यू ऑपरेशन

राहत कार्य के सामने सबसे बड़ी चुनौती लगातार हो रही बारिश और पहाड़ी इलाके की अस्थिर मिट्टी बनी हुई है. बारिश के कारण मिट्टी लगातार खिसक रही है, जिससे बचावकर्मियों की सुरक्षा भी खतरे में है. भारी मशीनों को मौके तक पहुंचाने और मलबा हटाने में भी कठिनाई हो रही है. इसके बावजूद रेस्क्यू टीम बिना रुके अभियान जारी रखे हुए है.

SDRF, पुलिस और असम राइफल्स ने संभाला मोर्चा

घटना की सूचना मिलते ही राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF), स्थानीय पुलिस, असम राइफल्स और स्वयंसेवकों की टीमें मौके पर पहुंच गईं. सभी एजेंसियां संयुक्त रूप से राहत एवं बचाव अभियान चला रही हैं. मलबा हटाने के साथ-साथ लापता लोगों की तलाश की जा रही है. प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है.

संवेदनशील इलाकों के लोगों को किया गया सतर्क

मौसम विभाग की चेतावनी और लगातार हो रही बारिश को देखते हुए प्रशासन ने आसपास के संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. अधिकारियों ने लोगों से सुरक्षित स्थानों पर जाने और अनावश्यक रूप से पहाड़ी क्षेत्रों में आवाजाही से बचने की अपील की है. प्रशासन का कहना है कि लगातार बारिश के चलते अभी भी भूस्खलन का खतरा पूरी तरह टला नहीं है.

हालात पर प्रशासन की लगातार नजर

नागालैंड प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है. राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है और प्रभावित इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है. अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने और प्रभावित परिवारों तक जल्द से जल्द राहत पहुंचाने की है. मौसम सामान्य होने के बाद नुकसान का विस्तृत आकलन किया जाएगा.

ये भी पढ़ें- संसद के मानसून सत्र से पहले दिल्ली ट्रैफिक एडवाइजरी जारी, इन रास्तों पर जाने से बचें