कश्मीर के कुलगाम में आतंकी हमला, छत्तीसगढ़ के दो प्रवासी मजदूरों को मारी गोली, एक की मौत

जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले से एक बार फिर आतंक की दर्दनाक तस्वीर सामने आई है. किल्लम इलाके में अज्ञात आतंकियों ने दो गैर-स्थानीय मजदूरों पर अचानक गोलियां बरसा दीं.

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जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले से एक बार फिर आतंक की दर्दनाक तस्वीर सामने आई है. किल्लम इलाके में अज्ञात आतंकियों ने दो गैर-स्थानीय मजदूरों पर अचानक गोलियां बरसा दीं. इस हमले में छत्तीसगढ़ के रहने वाले दीपक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके साथी भूपेंद्र कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है. शुरुआती जानकारी के मुताबिक दोनों मजदूरी का काम करने के लिए घाटी में रह रहे थे. इस हमले की जिम्मेदारी आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा ने ली है, जिसके बाद पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी गई है.

हमलावरों की तलाश में सुरक्षा बलों का बड़ा अभियान

घटना के तुरंत बाद जम्मू-कश्मीर पुलिस, सेना और अन्य सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर तलाशी अभियान शुरू कर दिया. संदिग्ध आतंकियों की तलाश के लिए आसपास के जंगलों, बागों और संवेदनशील स्थानों की गहन जांच की जा रही है. अधिकारियों का कहना है कि हमलावरों को जल्द से जल्द पकड़ने के लिए सभी सुरक्षा इकाइयों के बीच समन्वय बनाकर अभियान चलाया जा रहा है, ताकि किसी भी आतंकी को भागने का मौका न मिले.

ऑपरेशन में बरामद हुए थे हथियार और आतंकी ठिकाने

यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब कुछ दिन पहले ही कुलगाम के तंत्रिपोरा-सुरसनू क्षेत्र में सुरक्षा बलों ने संयुक्त अभियान चलाकर भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद बरामद किया था. पुलिस, 34 राष्ट्रीय राइफल्स और सीआरपीएफ की संयुक्त कार्रवाई में आतंकियों की एक बड़ी साजिश को नाकाम किया गया था. वहीं 30 जुलाई को राजौरी के घने जंगलों में आतंकियों का एक अस्थायी ठिकाना भी पकड़ा गया था, जहां से राशन, खाना पकाने के बर्तन और अन्य जरूरी सामान बरामद हुआ था. इससे साफ संकेत मिले कि आतंकी लंबे समय तक जंगलों में छिपकर गतिविधियां संचालित करने की तैयारी में थे.

घाटी में लगातार जारी है आतंकियों के खिलाफ कार्रवाई

जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा बल लगातार आतंकियों के नेटवर्क को खत्म करने के लिए बड़े पैमाने पर अभियान चला रहे हैं. हाल के महीनों में कई इलाकों से आईईडी, ऑटोमैटिक हथियार, एके-47 राइफलें, पिस्तौल, अंडर बैरल ग्रेनेड लॉन्चर, विस्फोटक सामग्री और मेडिकल उपकरण बरामद किए गए हैं. सुरक्षाबलों का मानना है कि इन अभियानों ने आतंकियों की कई योजनाओं को विफल किया है, लेकिन कुलगाम में हुआ ताजा हमला यह भी दिखाता है कि आतंकी अब भी निर्दोष नागरिकों और बाहरी मजदूरों को निशाना बनाकर भय का माहौल बनाने की कोशिश कर रहे हैं.

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