अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वांस के इस्लामाबाद आगमन से पहले ही पाकिस्तान में सुरक्षा की तैयारी को लेकर बड़ा घटनाक्रम देखने को मिला. रावलपिंडी स्थित नूरखान एयरबेस पर अमेरिकी वायुसेना के पांच विमान लैंड कर चुके थे, जिससे यह स्पष्ट हो गया कि इस यात्रा के लिए उच्च स्तरीय सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं.
अमेरिकी सुरक्षा दल और उपकरण पहुंचे पाकिस्तान
सूत्रों के मुताबिक, इन विमानों में से दो विमान अमेरिकी सीक्रेट सर्विस के अधिकारियों और जेडी वांस के सुरक्षा दल को लेकर पहुंचे हैं. वहीं, अन्य तीन विमानों में उनके काफिले के लिए 10 शेवरलेट सबअर्बन एसयूवी, तीन हेलीकॉप्टर, जैमिंग उपकरण और अन्य सुरक्षा सामग्री भी लाई गई है. यह पूरे घटनाक्रम से साफ है कि इस यात्रा के दौरान सुरक्षा को लेकर कोई भी कोताही नहीं बरती जा रही है.
CENTCOM कमांडर का दौरा और अटकलें
इस बीच, ताजा जानकारी के मुताबिक, सुबह साढ़े 4 बजे अमेरिकी वायुसेना का एक विमान CENTCOM के कमांडर एडमिरल ब्रैड कूपर को लेकर फ्लोरिडा के मैकडिल एयरबेस से उड़ान भर चुका था. हालांकि अमेरिका ने यह स्पष्ट नहीं किया है कि वे वार्ता का हिस्सा होंगे या नहीं, लेकिन पाकिस्तान में अटकलें तेज हैं कि वे इस्लामाबाद में होने वाली महत्वपूर्ण बातचीत में शामिल हो सकते हैं.
होटल सेरेना में महत्वपूर्ण बैठक
यह महत्वपूर्ण वार्ता इस्लामाबाद के पांच सितारा होटल, होटल सेरेना में आयोजित की जाएगी, जो पहले भी कई उच्चस्तरीय कूटनीतिक बैठकों का गवाह बन चुका है. हालांकि, कुछ विशेषज्ञों और पूर्व अमेरिकी अधिकारियों ने पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल भी उठाए हैं, जिससे इस बैठक की सुरक्षा को लेकर अतिरिक्त सतर्कता और योजना बनानी पड़ी है.
हवाई सुरक्षा की अभूतपूर्व तैयारी
पाकिस्तान ने इस बैठक के लिए हवाई सुरक्षा को अभूतपूर्व रूप से मजबूत किया है. पाकिस्तान एयरफोर्स ने IL-78 टैंकर और C-130 विमान तैनात किए हैं. इसके अलावा, फाइटर जेट्स को ईरान के बंदर अब्बास क्षेत्र के ऊपर तैनात किया गया है, जो ईरानी प्रतिनिधिमंडल के विमान को एस्कॉर्ट कर रहे हैं. रिपोर्ट्स के अनुसार, AWACS सिस्टम भी सक्रिय किया गया है, ताकि किसी भी संभावित हमले, खासकर इजरायल की ओर से, को रोकने के लिए पूरी तरह से तैयार रहा जा सके.
वीजा ऑन अराइवल और विशेष इंतजाम
पाकिस्तान सरकार ने इस वार्ता में शामिल सभी प्रतिनिधियों और पत्रकारों के लिए वीजा ऑन अराइवल की सुविधा देने का निर्णय लिया है. एयरपोर्ट पर विशेष हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए हैं ताकि आगंतुकों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े. पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने कहा है कि सभी प्रक्रियाओं को सरल और सुगम बनाया गया है, ताकि अमेरिका और ईरान के बीच इस महत्वपूर्ण वार्ता को किसी भी प्रकार की रुकावट के बिना संपन्न कराया जा सके.
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