मध्यपूर्व में तनाव की स्थिति ने एक बार फिर दुनिया का ध्यान खींच लिया है, और इस बार ईरान ने अमेरिका द्वारा किए गए युद्धविराम प्रस्ताव को खारिज कर दिया है. हालिया संघर्ष विराम के प्रयासों के बीच, ईरान ने अपने पक्ष को स्पष्ट करते हुए यह बताया कि अमेरिका के प्रस्तावों में वह कुछ असामान्य और अतार्किक शर्तें देखता है. ऐसे में, इस नकारात्मक प्रतिक्रिया ने युद्धविराम और कूटनीतिक समाधान के लिए हो रही बातचीत को और जटिल बना दिया है.
ईरान का कड़ा रुख
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई ने सोमवार को स्पष्ट किया कि ईरान ने पहले ही अपने मध्यस्थ चैनलों के माध्यम से अपनी आवश्यकताएं और शर्तें अमेरिका को सूचित कर दी थीं. बगाई ने कहा कि अमेरिका के प्रस्तावों में वह कुछ महत्वपूर्ण कमियां देखता है और उन शर्तों को अस्वीकार कर दिया है. बगाई का कहना था कि अमेरिका के 15 सूत्रीय प्रस्ताव "अत्यधिक असामान्य" और "अतार्किक" थे, जो किसी समझौते की दिशा में कदम बढ़ाने के बजाय सिर्फ एक मजबूरी की तरह लगते थे.
अमेरिका के 15 सूत्रीय प्रस्ताव की अस्वीकृति
अमेरिका ने ईरान से युद्धविराम के लिए एक 15-सूत्रीय प्रस्ताव प्रस्तुत किया था, जिसमें कई कठोर शर्तें शामिल थीं. इनमें ईरान के परमाणु बुनियादी ढांचे को नष्ट करना, यूरेनियम संवर्धन पर रोक लगाना, और क्षेत्रीय प्रॉक्सी समूहों को समर्थन देना बंद करना जैसी शर्तें प्रमुख थीं. इस प्रस्ताव को खारिज करते हुए ईरान ने कहा कि यह केवल युद्धविराम नहीं बल्कि उसकी संप्रभुता और स्वतंत्रता पर एक हमला था.
ईरान ने रखा अपनी शर्तों का प्रस्ताव
अमेरिका के प्रस्ताव को नकारने के बाद, ईरान ने अपने पक्ष को मजबूती से रखा और 10 शर्तों के साथ अपना जवाब दिया. ईरान ने युद्धविराम के बदले जो शर्तें रखी, उनमें क्षेत्रीय संघर्षों को समाप्त करना, होर्मुज जलडमरूमध्य को सुरक्षित बनाना, और प्रतिबंधों को हटाने जैसी मांगें शामिल हैं. इसके अलावा, ईरान ने यह भी सुनिश्चित करने की मांग की कि भविष्य में उस पर कोई और हमला न हो.
ईरान की 10 मांगें
ईरान ने अमेरिका के प्रस्ताव का जवाब देते हुए 10 प्रमुख शर्तों की सूची प्रस्तुत की, जिनमें शामिल हैं:
इसके अलावा, ईरान ने युद्धविराम के लिए एक ठोस और दीर्घकालिक तंत्र की आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार के संघर्ष को टाला जा सके.
अमेरिका का 15 सूत्रीय प्रस्ताव
अमेरिका ने जो 15 सूत्रीय प्रस्ताव ईरान को पेश किया था, उसमें परमाणु हथियारों के विकास पर स्थायी प्रतिबद्धता, क्षेत्रीय प्रॉक्सी समूहों के लिए समर्थन को समाप्त करना, और होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने जैसी शर्तें शामिल थीं. इसके अलावा, ईरान की परमाणु सुविधाओं की निगरानी को अंतर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) द्वारा सख्ती से लागू करने की मांग भी की गई थी.
युद्धविराम के लिए 5 प्रमुख शर्तें
अमेरिका के प्रस्ताव के जवाब में, ईरान ने अपनी 5 प्रमुख शर्तें भी सामने रखीं, जो इस प्रकार थीं:
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