India AI Impact Summit 2026: गूगल ने भारत में एआई (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा निवेश करने का ऐलान किया है. गूगल और अल्फाबेट के CEO सुंदर पिचाई ने भारत में आयोजित AI Impact Summit में इस निवेश की घोषणा की, जिसके तहत अगले पांच वर्षों में भारत में 15 बिलियन अमेरिकी डॉलर (करीब 1.35 लाख करोड़ रुपये) का निवेश किया जाएगा. इस दौरान सुंदर पिचाई ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात भी की और भारत में एआई के क्षेत्र में बड़े निवेश की योजना साझा की.
भारत-अमेरिका कनेक्टिविटी में नई क्रांति
गूगल द्वारा किए गए इस बड़े निवेश का मुख्य उद्देश्य भारत और अमेरिका के बीच डिजिटल कनेक्टिविटी को और मजबूत करना है. गूगल द्वारा नया "अमेरिका-इंडिया कनेक्ट इनिशिएटिव" लॉन्च किया जाएगा, जिसके तहत समुद्र के नीचे एक नया केबल बिछाया जाएगा. यह केबल भारत और अमेरिका के बीच सुपरफास्ट इंटरनेट कनेक्टिविटी प्रदान करेगा, जिससे एआई और क्लाउड सेवाओं की गति और क्षमता में जबरदस्त सुधार होगा. गूगल ने यह भी बताया कि नए केबल रूट से भारत के कई हिस्सों को अमेरिका से जोड़ा जाएगा, जिससे दोनों देशों के बीच डिजिटल नेटवर्क मजबूत होगा.
विशाखापत्तनम में बनेंगे नए इंटरनेशनल लैंडिंग स्टेशन
गूगल ने इस निवेश के तहत आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम में एक नया अंतर्राष्ट्रीय सब-सी लैंडिंग स्टेशन बनाने की योजना बनाई है. यह लैंडिंग स्टेशन गूगल के ग्लोबल नेटवर्क का भारत में पहला एंट्री प्वाइंट बनेगा. इस स्टेशन के माध्यम से गूगल सिंगापुर, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका को भारत से जोड़ने की योजना बना रहा है. इसके अलावा, भारत में कनेक्टिविटी को बेहतर करने के लिए गूगल चार नए फाइबर रूट भी जोड़ेगा, जो देशभर में इंटरनेट की गति को और अधिक सशक्त बनाएंगे.
एआई सर्विस और क्लाउड कम्प्यूटिंग की दिशा में बड़ा कदम
भारत में एआई और क्लाउड कम्प्यूटिंग की बढ़ती मांग को देखते हुए गूगल का यह निवेश भारतीय डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को नया आकार देने में मदद करेगा. इस निवेश से गूगल भारत में अपने डेटा सेंटर की क्षमता को बढ़ाएगा, जिससे एआई मॉडल्स को अधिक तेजी से प्रशिक्षित किया जा सकेगा. इसके साथ ही, गूगल भारत में अपनी फिजिकल और डिजिटल सिस्टम को भी मजबूत करेगा, जो एआई सर्विसेज के लिए स्केल और डेटा इंफ्रास्ट्रक्चर में सुधार करेगा. कंपनी का लक्ष्य है कि वह भारत से अफ्रीका, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण-पूर्व एशिया को जोड़ने वाले एक मजबूत नेटवर्क का निर्माण करे.
दीर्घकालिक निवेश और साझेदारी की योजना
गूगल का यह निवेश भारत में लंबे समय तक चलने वाली डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर निर्माण की दिशा में एक अहम कदम है. सुंदर पिचाई ने प्रधानमंत्री मोदी से बात करते हुए यह बताया कि गूगल भारत में सरकारी संस्थाओं और स्थानीय संस्थानों के साथ साझेदारी करेगा. इस साझेदारी के तहत एआई विज्ञान मॉडल और राष्ट्रीय अनुसंधान कार्यों के लिए सहायता प्रदान की जाएगी. गूगल का यह कदम भारतीय तकनीकी क्षेत्र में नई दिशा और अवसरों का सृजन करेगा.
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