मिडिल ईस्ट में भड़की जंग में फ्रांस की एंट्री, मैक्रों ने लाल सागर में उतारे दो जंगी जहाज; जानें इसके मायने

Red Sea Warships: मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच होर्मुज की खाड़ी को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बयानबाजी तेज हो गई है. इमैनुएल मैक्रों ने सोमवार को कहा कि फ्रांस इस अहम समुद्री मार्ग को फिर से खोलने की योजना बना रहा है.

France entry into the war raging in the Middle East Macron launched two warships in the Red Sea
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Red Sea Warships: मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच होर्मुज की खाड़ी को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बयानबाजी तेज हो गई है. इमैनुएल मैक्रों ने सोमवार को कहा कि फ्रांस इस अहम समुद्री मार्ग को फिर से खोलने की योजना बना रहा है. उनके अनुसार इस योजना के तहत फ्रांस लाल सागर में अपने दो युद्धपोत भेज सकता है, ताकि समुद्री यातायात की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके.

ईरान की कड़ी प्रतिक्रिया

मैक्रों के इस बयान के बाद ईरान की ओर से तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है. ईरान के वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी अली लारिजानी ने चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक क्षेत्र में युद्ध की स्थिति बनी रहेगी, तब तक Strait of Hormuz सुरक्षित नहीं हो सकती.

उन्होंने सोशल मीडिया मंच पर कहा कि जब तक क्षेत्र में संयुक्त राज्य अमेरिका और इज़राइल के कारण तनाव और संघर्ष जारी है, तब तक इस समुद्री मार्ग में किसी भी प्रकार की सुरक्षा सुनिश्चित करना बेहद कठिन होगा.

खाड़ी के लगभग बंद होने से बढ़ी चिंता

अमेरिका और इजरायल के हमलों के जवाब में ईरान ने अपने प्रभाव वाले क्षेत्र में आने वाली Strait of Hormuz में समुद्री आवाजाही को लगभग रोक दिया है. यह मार्ग वैश्विक व्यापार के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है. इसके प्रभावित होने से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेज बढ़ोतरी देखी गई है. इसी वजह से कई देशों ने इस समुद्री रास्ते को फिर से सुरक्षित और खुला रखने की मांग उठाई है.

क्या है फ्रांस की योजना

इमैनुएल मैक्रों के अनुसार फ्रांस की योजना इस क्षेत्र में चलने वाले मालवाहक जहाजों और तेल ले जाने वाले जहाजों को सुरक्षा प्रदान करने की है. इसके लिए सैन्य सुरक्षा मिशन शुरू करने का प्रस्ताव है, जिसमें युद्धपोत जहाजों को सुरक्षा प्रदान करेंगे. हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि जब तक मध्य पूर्व में जारी संघर्ष कम नहीं होता, तब तक इस तरह के अभियान को पूरी तरह लागू करना कठिन रहेगा.

वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए अहम मार्ग

Strait of Hormuz दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है. इस रास्ते से प्रतिदिन विश्व के लगभग 20 प्रतिशत कच्चे तेल की आपूर्ति गुजरती है. ऐसे में यहां किसी भी प्रकार की बाधा वैश्विक ऊर्जा बाजार पर सीधा असर डाल सकती है.

मैक्रों ने स्पष्ट किया कि फ्रांस की प्रस्तावित योजना पूरी तरह रक्षात्मक होगी और इसमें यूरोप के साथ अन्य देश भी भाग ले सकते हैं, ताकि समुद्री मार्गों को सुरक्षित रखा जा सके.

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