असम के चुनावी रण में BJP की बड़ी तैयारी, पीएम मोदी की तीन मेगा रैलियां तय, ये रहा पूरा शेड्यूल

Assam Assembly Elections 2026: असम विधानसभा चुनाव की तैयारियां अब तेज़ी से अपनी अंतिम दिशा में बढ़ रही हैं. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने अपने सहयोगी दलों के साथ सीटों के बंटवारे पर समझौता कर लिया है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चुनाव प्रचार की आखिरी चरण की योजना तैयार कर ली है.

BJP gears up for Assam Assembly elections PM Modi to hold three mega rallies
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Assam Assembly Elections 2026: असम विधानसभा चुनाव की तैयारियां अब तेज़ी से अपनी अंतिम दिशा में बढ़ रही हैं. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने अपने सहयोगी दलों के साथ सीटों के बंटवारे पर समझौता कर लिया है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में चुनाव प्रचार की आखिरी चरण की योजना तैयार कर ली है. इस बार बीजेपी 89 सीटों पर चुनाव लड़ेगी, जबकि उसके सहयोगी दल असम गण परिषद (AGP) 26 और बोडोलैंड पीपुल्स फ्रंट (BPF) 11 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेंगे.

सीटों का बंटवारा और चुनाव प्रचार की शुरुआत

बीजेपी के भीतर हुई विस्तृत चर्चाओं के बाद सीटों का बंटवारा तय किया गया है. अब पार्टी का ध्यान उम्मीदवारों के नामों की घोषणा और चुनाव प्रचार के प्रचार को तेज़ी से आगे बढ़ाने पर केंद्रित है. बीजेपी के सूत्रों के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की असम में तीन रैलियां आयोजित करने की संभावना है, जिनकी तिथियां 1, 3 और 6 अप्रैल के आसपास निर्धारित की गई हैं. इन रैलियों का आयोजन उन क्षेत्रों में किया जाएगा, जो राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माने जाते हैं और जहां बीजेपी की स्थिति को और मजबूत किया जा सकता है.

अमित शाह का चुनावी अभियान

चुनाव प्रचार की तैयारियों में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी अहम भूमिका निभाने वाले हैं. मार्च महीने में वे पूरे असम में व्यापक चुनावी अभियान चलाएंगे और राज्य के विभिन्न जिलों का दौरा करेंगे. उनका उद्देश्य पार्टी कार्यकर्ताओं में जोश और उत्साह भरना है, ताकि बीजेपी की पहुंच आम लोगों तक और अधिक सुदृढ़ हो सके.

उम्मीदवारों की घोषणा और टिकट वितरण की प्रक्रिया

बीजेपी की केंद्रीय चुनाव समिति (CEC) अब उम्मीदवारों के नामों पर आखिरी फैसला लेने के लिए बैठक कर रही है. सूत्रों के मुताबिक, अधिकांश सीटों पर निर्णय पहले ही ले लिया गया है और पार्टी अगले दो दिनों में अपने सभी उम्मीदवारों की सूची जारी कर सकती है. हालांकि, टिकट वितरण की प्रक्रिया अभी भी संवेदनशील बनी हुई है और इसका असर स्थानीय राजनीतिक समीकरणों पर पड़ सकता है.

2027 परिसीमन की चर्चा

बीजेपी नेताओं के बीच 2027 में प्रस्तावित परिसीमन (Delimitation) प्रक्रिया को लेकर भी चर्चाएं चल रही हैं. पार्टी का मानना है कि यह प्रक्रिया असम की राजनीति पर दीर्घकालिक प्रभाव डाल सकती है और इसका असर आने वाले चुनावों पर भी पड़ सकता है.

असम में बीजेपी की स्थिति

मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा का कहना है कि असम चुनाव में टिकट वितरण का बड़ा महत्व है और मौजूदा माहौल में उनकी पार्टी एक बार फिर सरकार बनाने की स्थिति में है. उन्होंने यह भी कहा कि असम कांग्रेस में अब कोई रहना नहीं चाहता और धीरे-धीरे सभी लोग बीजेपी में शामिल होंगे.

कांग्रेस के नेता बीजेपी में शामिल

हाल ही में कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता बीजेपी में शामिल हो गए हैं, जिनमें भूपेन बोहरा और प्रद्युत बारदलोई प्रमुख हैं. मुख्यमंत्री सरमा का कहना है कि इन नेताओं को बीजेपी से टिकट दिया जाएगा और ये पार्टी के लिए बड़ा मददगार साबित होंगे.

जोरहाट सीट पर बीजेपी का दांव

असम चुनाव में जोरहाट सीट पर बीजेपी एक बार फिर अपने पुराने उम्मीदवार को टिकट दे सकती है. इस सीट से गौरव गोगोई का मुकाबला करेंगे, लेकिन मुख्यमंत्री हेमंत बिस्वा सरमा ने इस सीट पर प्रचार न करने का निर्णय लिया है. यह सीट पहले भी विधानसभा अध्यक्ष रहे हैं और बीजेपी की रणनीति उनके पक्ष में ही दिखाई दे रही है.

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