भारत और अमेरिका के रिश्तों को लेकर बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच फोन पर अहम बातचीत हुई। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इसकी जानकारी देते हुए बातचीत को सार्थक बताया। दोनों नेताओं ने व्यापार, रक्षा, ऊर्जा, महत्वपूर्ण तकनीक और दूसरे क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग की समीक्षा की। साथ ही भारत-अमेरिका की व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए करीबी संपर्क बनाए रखने पर सहमति जताई।
व्यापार से लेकर टेक्नोलॉजी तक कई मुद्दों पर चर्चा
बातचीत के दौरान दोनों देशों के बीच जारी सहयोग और आगे की संभावनाओं पर चर्चा हुई। खासतौर पर व्यापार, रक्षा, ऊर्जा और क्रिटिकल टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों को लेकर दोनों नेताओं ने विचार साझा किए। यह बातचीत ऐसे समय हुई है जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर वार्ता जारी है। भारत के वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल 29 सितंबर से 5 अक्टूबर तक अमेरिका के दौरे पर हैं, जहां व्यापार समझौते से जुड़े मुद्दों पर बातचीत हो रही है।
Had a productive conversation with President Trump. We reviewed our bilateral cooperation in trade, defence, energy, critical technologies and other areas. We agreed to maintain close engagement to take our Comprehensive Global Strategic Partnership forward.
— Narendra Modi (@narendramodi) September 30, 2026
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G7 में भी आमने-सामने मिले थे मोदी-ट्रंप
इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप की मुलाकात जून 2026 में फ्रांस के एवियन में हुए G7 शिखर सम्मेलन के दौरान हुई थी। उस बैठक में दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका सहयोग के साथ पश्चिम एशिया की स्थिति पर भी चर्चा की थी। पीएम मोदी ने होर्मुज स्ट्रेट को खुला और सुरक्षित रखने के महत्व पर जोर दिया था और भारतीय समुद्री जहाजों व सी-फेरर्स की सुरक्षा का मुद्दा उठाया था।
वैश्विक शांति और रणनीतिक साझेदारी पर भी जोर
ताजा फोन बातचीत में दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भी विचारों का आदान-प्रदान किया। पीएम मोदी ने कहा कि वैश्विक शांति और सुरक्षा को बढ़ावा देने के लिए जारी प्रयासों पर भी चर्चा हुई। वहीं, ट्रंप ने भी बातचीत को सकारात्मक बताते हुए कहा कि भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील पर काम जारी है और कई क्षेत्रों में सहयोग आगे बढ़ रहा है। दोनों देशों के बीच रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए संपर्क बनाए रखने की बात दोहराई गई।
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