कांग्रेस ने गुरुवार को केरलम के नए मुख्यमंत्री के रूप में वी डी सतीशन के नाम की पुष्टि कर दी. इससे बीते 10 दिनों से चल रहा सस्पेंस खत्म हो गया. कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल इस बार मुख्यमंत्री पद की दौड़ से बाहर हो गए. केरलमम की एआईसीसी प्रभारी दीपा दासमुंशी ने सतीशन के नाम की घोषणा की और बताया कि मुख्यमंत्री पद की रेस में सतीशन के अलावा केसी वेणुगोपाल और रमेश चेन्निथला के नाम भी थे.
कांग्रेस और उसके सहयोगियों का मजबूत बहुमत
केरलमम में कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ गठबंधन ने 140 में से 102 सीटें जीतकर दो-तिहाई से अधिक बहुमत हासिल किया है. कांग्रेस के पास 140 सदस्यों में से 63 विधायक हैं, जबकि सहयोगी दल इंडियन यूनियन मुस्लिम लीग (आईयूएमएल) के पास 22, केरलमम कांग्रेस (केईसी) के पास आठ और क्रांतिकारी समाजवादी पार्टी (आरएसपी) के पास तीन विधायक हैं. यह बहुमत सतीशन के नेतृत्व को और मजबूत बनाता है.
कांग्रेस नेतृत्व का फाइनल फैसला
गुरुवार को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने पार्टी के शीर्ष नेताओं के साथ मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार को लेकर अंतिम चर्चा की. इस बैठक में एआईसीसी महासचिव प्रभारी दीपा दासमुंशी और वरिष्ठ पर्यवेक्षक अजय माकन और मुकुल वासनिक भी मौजूद थे. इन नेताओं ने सभी नवनिर्वाचित विधायकों से बातचीत कर उनकी राय जानी थी और उसी आधार पर वी डी सतीशन को मुख्यमंत्री पद का उम्मीदवार बनाया गया.
चुनाव परिणाम के बाद 10 दिन का सस्पेंस खत्म
केरलमम विधानसभा चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित हुए थे. हालांकि, मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार का नाम तय करने में 10 दिन लग गए. राहुल गांधी ने बुधवार को मल्लिकार्जुन खड़गे के साथ बैठक की और गुरुवार सुबह एआईसीसी महासचिव केसी वेणुगोपाल से मुलाकात कर इस मामले पर चर्चा की. केरलमम कांग्रेस विधायक दल की बैठक भी बाद में हुई, जिसमें सतीशन के नाम को अंतिम मंजूरी मिली.
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