UP News: उत्तर प्रदेश की राजनीति में दल-बदल और राजनीतिक समीकरणों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं. इसी बीच योगी सरकार में मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने समाजवादी पार्टी को लेकर बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि आने वाले समय में सपा में बड़ी टूट देखने को मिल सकती है.
सपा को लेकर राजभर का दावा
ओम प्रकाश राजभर ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के कई नेता भारतीय जनता पार्टी में जाने की इच्छा रखते हैं. उन्होंने यह भी दावा किया कि सपा के वरिष्ठ नेता रामगोपाल यादव ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को एक पत्र भेजा है, जिसमें कथित तौर पर कुछ नेताओं के नाम शामिल हैं. हालांकि राजभर ने अपने दावे के समर्थन में कोई दस्तावेज या अतिरिक्त प्रमाण सार्वजनिक नहीं किया.
समाजवादी पार्टी में बड़ी टूट होगी। राम गोपाल यादव ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह जी को चिट्ठी सौंपी है।
— Om Prakash Rajbhar (@oprajbhar) June 17, 2026
खनन घोटाला और गोमती रिवर फ्रंट घोटाला का मास्टरमाइंड कौन है, पूरा उत्तर प्रदेश जानता है। शिकंजा कस रहा है तो सपा परेशान है।
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जांच एजेंसियों के दबाव का जिक्र
राजभर ने कहा कि विभिन्न मामलों में जांच एजेंसियों की कार्रवाई आगे बढ़ने के साथ ही समाजवादी पार्टी के नेताओं की चिंता भी बढ़ रही है. उन्होंने खनन घोटाले और गोमती रिवर फ्रंट परियोजना से जुड़े मामलों का उल्लेख करते हुए कहा कि इन मुद्दों को लेकर प्रदेश की जनता पहले से परिचित है.
सोशल मीडिया पर भी किया दावा
सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में राजभर ने कहा कि समाजवादी पार्टी में बड़ा राजनीतिक बदलाव संभव है. उन्होंने आरोप लगाया कि जांच का दायरा बढ़ने से पार्टी नेतृत्व दबाव महसूस कर रहा है. उनके अनुसार, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल की राजनीतिक हलचलों की तरह उत्तर प्रदेश में भी बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं.
रामगोपाल यादव से मांगा जवाब
राजभर ने कहा कि यदि अमित शाह को कोई पत्र भेजा गया है, तो रामगोपाल यादव को सार्वजनिक रूप से बताना चाहिए कि उसमें क्या लिखा गया था. उन्होंने यह भी कहा कि खनन और गोमती रिवर फ्रंट से जुड़े मामलों में जांच आगे बढ़ने के बाद कई सवाल खड़े हो रहे हैं.
2027 विधानसभा चुनाव से पहले बढ़ी राजनीतिक सरगर्मी
राजभर का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो रही हैं. उनके इस दावे ने प्रदेश की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है. हालांकि समाजवादी पार्टी की ओर से इन आरोपों पर आधिकारिक प्रतिक्रिया का इंतजार है.
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