Typhoon Alert: जापान में मौसम एक बार फिर बिगड़ गया है. टाइफून नंबर 15 के खतरे को देखते हुए सरकार ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है. प्रधानमंत्री सनाए तकाइची ने लोगों से अपील की है कि खतरा बढ़ने का इंतजार न करें और जरूरत पड़ने पर तुरंत सुरक्षित जगह पर चले जाएं. कई इलाकों में भारी बारिश, तेज हवाओं, बाढ़, भूस्खलन और समुद्र में ऊंची लहरों की चेतावनी जारी की गई है.
प्रधानमंत्री तकाइची ने बताया कि टाइफून नंबर 15 फिलहाल जापान के पूर्वी समुद्री इलाके में है और उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ रहा है. मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक, 11 अगस्त को यह दक्षिणी तोहोकू और उत्तरी कांटो के करीब पहुंच सकता है. इसके चलते इन इलाकों में हालात बिगड़ने की आशंका है.
सरकार ने भी तैयारियां तेज कर दी हैं. प्रधानमंत्री कार्यालय में बने संकट प्रबंधन केंद्र के सूचना समन्वय कक्ष को सक्रिय कर दिया गया है. यहां से तूफान और मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है. सरकार का कहना है कि अगर हालात ज्यादा गंभीर होते हैं तो आपदा प्रबंधन से जुड़ी व्यवस्था को और मजबूत किया जाएगा और राहत-बचाव के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे.
तोहोकू में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट
तोहोकू के प्रशांत तट वाले इलाकों में 11 अगस्त की देर सुबह से रात तक भारी बारिश होने का अनुमान है. इससे भूस्खलन का खतरा बढ़ सकता है. निचले इलाकों में पानी भरने और नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ने की आशंका भी जताई गई है.
इसके साथ ही कई जगहों पर तेज हवाएं चल सकती हैं. तेज हवाओं से इमारतों को नुकसान पहुंचने के अलावा सड़क और दूसरी यातायात सेवाएं भी प्रभावित हो सकती हैं.
समुद्र के पास रहने वालों को सावधानी की सलाह
टाइफून के चलते समुद्री इलाकों में भी खतरा बढ़ गया है. मौसम विभाग ने देर सुबह से रात तक समुद्र में ऊंची लहरें उठने और समुद्री पानी के उफान की आशंका जताई है. इससे तटीय इलाकों और वहां मौजूद सुविधाओं को नुकसान हो सकता है. समुद्र में चलने वाले जहाजों के लिए भी खतरा बढ़ सकता है.
कांटो-कोशिन इलाके में दोपहर से देर रात तक ऊंची समुद्री लहरों के साथ जलभराव और नदियों का जलस्तर बढ़ने की आशंका है.
लोगों से पहले से तैयारी करने की अपील
प्रधानमंत्री तकाइची ने लोगों से कहा है कि वे अपने आसपास के संवेदनशील इलाकों की जानकारी पहले से रखें. साथ ही यह भी पता कर लें कि जरूरत पड़ने पर सबसे नजदीकी सुरक्षित केंद्र कहां है और वहां पहुंचने का सुरक्षित रास्ता कौन सा है.
उन्होंने लोगों से रेडियो, टीवी, इंटरनेट और स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी मौसम संबंधी सूचनाओं पर नजर रखने को कहा है.
प्रधानमंत्री ने लोगों को साफ संदेश दिया है कि अगर उन्हें अपने आसपास किसी भी तरह का खतरा महसूस होता है, तो वे हालात बिगड़ने का इंतजार न करें. अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तुरंत सुरक्षित स्थान पर चले जाएं.
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