कठुआ में सेना ने जिस आतंकी को किया ढेर, उसके पास मिली अमेरिका में बनी M4 राइफल; बड़ी साजिश हुई नाकाम

Kathua Encounter: कठुआ जिले के बिलावर क्षेत्र में शुक्रवार को सुरक्षाबलों ने एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल की जब उन्होंने जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े एक आतंकवादी को मार गिराया.

Security forces killed Jaish-e-Mohammed terrorist in Kathua American-made M4 rifle found
Image Source: ANI/ Social Media

Kathua Encounter: कठुआ जिले के बिलावर क्षेत्र में शुक्रवार को सुरक्षाबलों ने एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल की जब उन्होंने जैश-ए-मोहम्मद से जुड़े एक आतंकवादी को मार गिराया. इस आतंकी का नाम उस्मान था और वह पिछले एक साल से जम्मू-कश्मीर के उधमपुर और बिलावर क्षेत्रों में सक्रिय था. इस मुठभेड़ में उसे मार गिराया गया और उसके पास से एक अमेरिकी निर्मित M4 असॉल्ट राइफल सहित अन्य हथियार और गोला-बारूद बरामद हुए हैं.

उस्मान की गतिविधियाँ और सुरक्षाबलों की तैयारियां

उस्मान ने पिछले एक साल से बिलावर और उधमपुर क्षेत्रों में अपनी पहचान छुपाए रखी थी. वह लगातार ठिकाने बदलता रहा था, लेकिन सुरक्षाबलों ने उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए रखी. 6 और 7 जनवरी के बीच वह बिलावर के ऊपरी इलाकों में सक्रिय था, जहां वह सर्दी से संबंधित रसद इकट्ठा कर रहा था. सुरक्षाबलों को उसकी मूवमेंट की पूरी जानकारी मिली थी और इसी जानकारी के आधार पर उसे पकड़ा गया.

M4 असॉल्ट राइफल की बरामदी

मुठभेड़ के दौरान उस्मान के पास से जो महत्वपूर्ण सामान बरामद हुआ, उसमें एक अमेरिकी निर्मित M4 असॉल्ट राइफल शामिल है. यह राइफल अपने हल्के वजन और उच्च क्षमता के लिए जानी जाती है. M4 असॉल्ट राइफल से एक मिनट में लगभग 800 राउंड फायर किए जा सकते हैं, और इसकी रेंज 3500 मीटर तक है. इसके साथ ही, यह राइफल नाइट विजन और स्टील बुलेट फायरिंग के साथ लैस होती है, जो रात के समय में टारगेट पहचानने के लिए उपयुक्त बनाती है.

15 दिन की रेकी के बाद मुठभेड़ में सफलता

पुलिस और सुरक्षाबलों ने उस्मान के खिलाफ पिछले 15 दिनों तक लगातार खुफिया जानकारी जुटाई और उसकी रेकी की. सुरक्षाबलों को पुख्ता जानकारी मिली थी कि बारिश और बर्फबारी के बाद वह नीचे आएगा. जैसे ही वह एक घर में सर्दी से जुड़ी आपूर्ति लेने के लिए घुसा, सुरक्षाबलों ने तुरंत कार्रवाई की. इस पूरी प्रक्रिया में चार घंटे की मुठभेड़ हुई, और अंततः उस्मान को ढेर कर दिया गया.

पुलिस और सुरक्षाबलों की लगातार कोशिशें

सूत्रों के मुताबिक, उस्मान के खिलाफ सुरक्षाबलों की गतिविधियाँ लगातार चल रही थीं. तीन साल पहले ही उसने जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले के हीरानगर सेक्टर से सीमा पार की थी, और तब से वह उधमपुर और बिलावर में सक्रिय था. सुरक्षाबलों के साथ कई मुठभेड़ें होने के बावजूद वह हमेशा भागने में सफल हो जाता था. लेकिन इस बार पुलिस ने उसे बचने का मौका नहीं दिया और आखिरकार उसे ढेर कर दिया.

गणतंत्र दिवस से पहले बड़ी कामयाबी

यह सफलता गणतंत्र दिवस से पहले सुरक्षाबलों के लिए एक बड़ी उपलब्धि है. सुरक्षाबलों ने पुलिस, सेना, एसओजी और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम के साथ लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया. तीन दिन पहले भी वह सुरक्षाबलों के निशाने पर आया था, लेकिन किसी तरह भागने में सफल हो गया था. फिर भी सुरक्षाबलों ने उसे छोड़ा नहीं और उसकी हर गतिविधि पर नजर बनाए रखी, जिसके कारण उसे पकड़ने में सफलता मिली.

आतंकी गतिविधियों पर कड़ी नजर

एसपी ऑपरेशन आमिर इकबाल ने कहा कि उस्मान उधमपुर से भागकर बिलावर आ गया था, और सुरक्षाबल लगातार उसकी तलाश में थे. हालांकि, वह पहले कई बार मुठभेड़ों के दौरान भागने में सफल हो गया था, लेकिन इस बार पुलिस ने उसे भागने का मौका नहीं दिया और उसे ढेर कर दिया.

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