AAP Crisis: राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने अपने साथियों संदीप पाठक और अशोक मित्तल के साथ शुक्रवार को एक बड़ा कदम उठाया और आम आदमी पार्टी (AAP) को अलविदा कहने का निर्णय लिया. इन तीनों नेताओं ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल होने की घोषणा की. इसके साथ ही हरभजन सिंह, राजेंद्र गुप्ता, विक्रमजीत सिंह साहनी और स्वाति मालीवाल भी पार्टी छोड़ने वाले नेताओं में शामिल हैं.
पंजाब से कौन-कौन छोड़ रहे साथ?
इस घटनाक्रम से आम आदमी पार्टी को बड़ा झटका लगा है, खासकर पंजाब में जहां पार्टी के राज्यसभा में 10 सदस्य थे. अब पार्टी के राज्यसभा में केवल नारायण दास गुप्ता, संजय सिंह और संत बलबीर सिंह जैसे प्रमुख नेता ही बचे हैं.
राघव चड्ढा ने क्या कहा?
राघव चड्ढा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि आम आदमी पार्टी, जिसे मैंने अपने खून-पसीने से सींचा और जिसे मैंने अपनी जवानी के 15 साल दिए, अब अपने सिद्धांतों, मूल्यों और मूल नैतिकता से पूरी तरह भटक गई है. पार्टी अब राष्ट्रीय हित में काम नहीं कर रही है, बल्कि निजी फायदे के लिए काम कर रही है. उन्होंने आगे कहा कि आप में से कई लोग पिछले कुछ सालों से मुझसे यह कह रहे हैं, और मुझे भी यह महसूस हुआ है कि मैं गलत पार्टी में सही आदमी हूँ. मैं दोहराता हूं मैं गलत पार्टी में सही आदमी हूँ. इसलिए, आज मैं घोषणा करता हूँ कि मैं AAP से खुद को अलग कर रहा हूँ और लोगों के बीच जा रहा हूं.
आप के दो-तिहाई राज्यसभा सांसद छोड़ेंगे साथ
उन्होंने कहा कि इस समूह में आप के दो-तिहाई राज्यसभा सांसद शामिल हैं. बीजपी के साथ विलय करने के लिए संवैधानिक प्रावधानों का सहारा लेगा. बाद में उन्होंने उन अन्य नेताओं के नाम भी बताए जिनके पार्टी छोड़ने की उम्मीद है. इनमें स्वाति मालीवाल, हरभजन सिंह और राजिंदर गुप्ता शामिल हैं. उन्होंने यह भी कहा कि और भी सदस्य उनके पीछे-पीछे पार्टी छोड़ सकते हैं.
ये भी पढ़ें: आम आदमी पार्टी में बड़ी फूट, राघव चड्ढा समेत 3 सांसदों ने किया AAP छोड़ने का ऐलान, BJP में होंगे शामिल