जिस Pizza Hut फ्रेंचाइजी का उद्घाटन करने गए PAK रक्षा मंत्री, वो तोह निकला नकली; पोस्ट वायरल

भारत का पड़ोसी देश पाकिस्तान अक्सर अपने अजीबोगरीब कारणों से अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में आ जाता है. कभी आतंकी गतिविधियों को लेकर, तो कभी आर्थिक बदहाली और भूखमरी जैसे मुद्दों पर उसकी किरकिरी होती रहती है.

Pakistan Khwaja Asif inaugurated a fake pizza hut franchise post viral sparks controversy
Image Source: Social Media

भारत का पड़ोसी देश पाकिस्तान अक्सर अपने अजीबोगरीब कारणों से अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में आ जाता है. कभी आतंकी गतिविधियों को लेकर, तो कभी आर्थिक बदहाली और भूखमरी जैसे मुद्दों पर उसकी किरकिरी होती रहती है. लेकिन इस बार चर्चा की वजह कुछ और ही है. पाकिस्तान ने ऐसा कारनामा कर दिया, जिस पर दुनियाभर में उसका मजाक उड़ने लगा है. मामला सियालकोट से जुड़ा है, जहां पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ एक नकली पिज्जा हट आउटलेट का उद्घाटन करते नजर आए.


घटना तब सुर्खियों में आई, जब सियालकोट में एक कथित Pizza Hut फ्रेंचाइजी के उद्घाटन की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हुईं. इन तस्वीरों में खुद पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ रिबन काटते दिखे. शुरुआत में इसे एक सामान्य कार्यक्रम माना गया, लेकिन कुछ ही समय बाद सच्चाई सामने आ गई और मामला विवादों में घिर गया. दरअसल, Pizza Hut की ओर से आधिकारिक बयान जारी कर साफ किया गया कि सियालकोट कैंटोनमेंट में खुला यह आउटलेट पूरी तरह से अनधिकृत है. कंपनी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस रेस्टोरेंट को Pizza Hut नाम या उसकी ब्रांडिंग इस्तेमाल करने की कोई अनुमति नहीं दी गई थी.

Pizza Hut ने जारी किया बयान

Pizza Hut पाकिस्तान ने अपने स्पष्टीकरण में कहा कि सियालकोट कैंटोनमेंट में हाल ही में एक ऐसा आउटलेट खोला गया है, जो गलत तरीके से उनके ब्रांड नाम और पहचान का इस्तेमाल कर रहा है. कंपनी ने यह भी जानकारी दी कि पाकिस्तान में फिलहाल उनके कुल 16 आधिकारिक आउटलेट संचालित हो रहे हैं, जिनमें से 14 लाहौर और 2 इस्लामाबाद में स्थित हैं. साथ ही, कंपनी ने ग्राहकों से अपील की कि वे किसी भी आउटलेट पर जाने से पहले आधिकारिक वेबसाइट के जरिए उसकी पुष्टि जरूर कर लें, ताकि भ्रम की स्थिति से बचा जा सके.

सोशल मीडिया पर उड़ने लगा मजाक

जैसे ही यह साफ हुआ कि जिस पिज्जा हट का उद्घाटन रक्षा मंत्री ने किया था, वह नकली था, सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई. ख्वाजा आसिफ को जमकर ट्रोल किया जाने लगा और लोग पाकिस्तान की व्यवस्था और नेताओं की समझ पर सवाल उठाने लगे. कई यूजर्स ने इसे पाकिस्तान की छवि को और नुकसान पहुंचाने वाला मामला बताया. कुल मिलाकर, सियालकोट का यह वाकया पाकिस्तान के लिए एक और शर्मनाक अध्याय बन गया, जहां देश के रक्षा मंत्री अनजाने में ही एक फर्जी ब्रांड के उद्घाटन का चेहरा बन बैठे.

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