Mumbai Narcotics Control Bureau: नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) ने मुंबई में एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग रैकेट का खुलासा किया है. इस कार्रवाई में एजेंसी ने भारी मात्रा में कोकीन बरामद की है, जिसे अब तक की बड़ी जब्ती में से एक माना जा रहा है. मुंबई बंदरगाह के पास एक गुप्त ऑपरेशन के दौरान NCB ने 349 किलोग्राम हाई-ग्रेड कोकीन जब्त की.
यह ड्रग्स एक कंटेनर में बहुत चालाकी से छिपाकर रखी गई थी, ताकि जांच में पकड़ी न जा सके. जानकारी के मुताबिक, यह खेप दक्षिण अमेरिका से समुद्र के रास्ते भारत लाई गई थी. एजेंसी को पहले से इस बारे में इनपुट मिला था, जिसके बाद पूरी योजना बनाकर ऑपरेशन को अंजाम दिया गया.
We are resolved to ruthlessly crush the narcotics cartel.
— Amit Shah (@AmitShah) May 1, 2026
The @narcoticsbureau has cracked down on a major international narcotics ring seizing 349 kgs of High-Grade cocaine worth Rs.1745 crore in Mumbai. This is a trailblazing example of bottom to top approach where the agency…
कितनी है कीमत
जब्त की गई कोकीन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 1745 करोड़ रुपये बताई जा रही है. इतनी बड़ी मात्रा में ड्रग्स मिलना यह दिखाता है कि इसके पीछे एक बड़ा नेटवर्क काम कर रहा था.
कैसे पहुंची एजेंसी नेटवर्क तक
अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई एक छोटे सुराग से शुरू हुई थी. पहले एक छोटे कंसाइनमेंट की जांच की गई और उसी के आधार पर धीरे-धीरे पूरे नेटवर्क तक पहुंच बनाई गई. इस तरह की जांच में समय लगता है, लेकिन इस केस में एजेंसी ने धैर्य से काम लेते हुए बड़ी सफलता हासिल की.
गृह मंत्री का बयान
इस कार्रवाई को लेकर अमित शाह ने भी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि सरकार नशीले पदार्थों के नेटवर्क को खत्म करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है. उन्होंने NCB की टीम की तारीफ करते हुए कहा कि यह एक बड़ा उदाहरण है, जहां एजेंसी ने छोटे सुराग से शुरुआत करके एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क तक पहुंच बनाई है.
ड्रग्स के खिलाफ सख्त रुख
सरकार लगातार नशीले पदार्थों के खिलाफ सख्त कदम उठा रही है. ऐसे ऑपरेशन का मकसद सिर्फ ड्रग्स पकड़ना नहीं, बल्कि पूरे नेटवर्क को खत्म करना होता है. इस मामले ने यह भी साफ कर दिया है कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर काम कर रहे ड्रग कार्टेल भारत को निशाना बनाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन एजेंसियां भी पूरी सतर्कता के साथ काम कर रही हैं.
आगे की जांच जारी
फिलहाल इस मामले में आगे की जांच जारी है. एजेंसी यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस खेप के पीछे कौन लोग हैं और भारत में इसे कहां सप्लाई किया जाना था. उम्मीद है कि आने वाले समय में इस नेटवर्क से जुड़े और भी लोगों के बारे में जानकारी सामने आ सकती है.
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