Kailash Vijayvargiya On Bengal Election: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के रुझान राजनीति में बड़ा बदलाव दिखा रहे हैं. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) राज्य में इतिहास रचने के करीब नजर आ रही है. दोपहर करीब 2 बजे तक के आंकड़ों के मुताबिक, बीजेपी लगभग 195 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है, जबकि ममता बनर्जी की पार्टी तृणमूल कांग्रेस करीब 93 सीटों पर सिमटती दिखाई दे रही है. इन रुझानों के सामने आते ही देश के कई हिस्सों में जश्न शुरू हो गया है, खासकर इंदौर में पार्टी कार्यकर्ताओं का उत्साह साफ देखने को मिला.
इंदौर में जश्न, भावुक हुए कैलाश विजयवर्गीय
इंदौर स्थित बीजेपी कार्यालय में जीत की खुशी में ढोल-नगाड़ों के साथ जश्न मनाया गया. कार्यकर्ता एक-दूसरे को मिठाई खिलाते नजर आए. इसी दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेता कैलाश विजयवर्गीय भी मौजूद थे.
मीडिया से बात करते हुए विजयवर्गीय भावुक हो गए और उनकी आंखों में खुशी के आंसू आ गए. उन्होंने कहा कि उन्हें खुद भी अंदाजा नहीं था कि यह पल उनके लिए इतना खास और भावुक कर देने वाला होगा. उन्होंने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि इस जीत को शब्दों में बयान करना मुश्किल है.
बंगाल का दर्द यूं बह निकला @KailashOnline की आंखों से। पांच साल तक झूठे केस का बोझ झेला है बंगाल में 2021 में बीजेपी के लिए किला लड़ा कर। pic.twitter.com/gdJmmnirai
— Prabhu Pateria (@PrabhuPateria) May 4, 2026
“बंगाल में पहले डर और अराजकता का माहौल था”
कैलाश विजयवर्गीय ने पश्चिम बंगाल में बीजेपी की बढ़त को देश के लिए एक बड़ा संदेश बताया. उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले कई वर्षों से राज्य में डर और अस्थिरता का माहौल था.
उनके मुताबिक, ममता बनर्जी के नेतृत्व में हालात ऐसे हो गए थे कि लोकतंत्र कमजोर पड़ गया था और विपक्षी नेताओं व कार्यकर्ताओं को कई मुश्किलों का सामना करना पड़ता था. उन्होंने कहा कि जनता अब बदलाव चाहती थी और यही वजह है कि चुनाव में यह रुझान देखने को मिल रहा है.
अपने अनुभव भी किए साझा
विजयवर्गीय ने अपने राजनीतिक अनुभवों का जिक्र करते हुए बताया कि जब वे पश्चिम बंगाल में सक्रिय थे, तब उनके खिलाफ कई गंभीर मामले दर्ज किए गए थे. उन्होंने इन आरोपों को राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश बताया. उनका कहना था कि बीजेपी नेताओं को डराने और रोकने के लिए इस तरह के कदम उठाए गए थे, लेकिन इसके बावजूद पार्टी ने अपने काम और अभियान को जारी रखा.
विपक्षी नेताओं पर भी साधा निशाना
इस दौरान विजयवर्गीय ने सिर्फ बंगाल की राजनीति ही नहीं, बल्कि अन्य राज्यों के नेताओं पर भी टिप्पणी की. उन्होंने एम.के. स्टालिन और अभिषेक बनर्जी का नाम लेते हुए कहा कि कुछ नेता एक खास सोच को बढ़ावा देने की कोशिश कर रहे हैं. उन्होंने दावा किया कि अब देश की जनता पहले से ज्यादा जागरूक हो गई है और विकास व बेहतर शासन के आधार पर वोट कर रही है.
कार्यकर्ताओं में उत्साह, ऐतिहासिक जीत की उम्मीद
बीजेपी कार्यकर्ताओं में इस समय काफी जोश देखने को मिल रहा है. इंदौर में पार्टी कार्यालय के बाहर बड़ी संख्या में लोग जमा हुए और जीत की खुशी में नाचते-गाते नजर आए. कार्यकर्ताओं का मानना है कि अगर ये रुझान नतीजों में बदलते हैं, तो पश्चिम बंगाल में बीजेपी की यह जीत ऐतिहासिक होगी. साथ ही इसका असर आने वाले समय में राष्ट्रीय राजनीति पर भी पड़ सकता है.
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