Ajab-Gajab: क्या आपने कभी किसी ऐसे घर के बारे में सुना है, जहां अजीब-अजीब आवाजें आती हों या फिर वहां जाने से ही शरीर में सिहरन दौड़ जाती हो? दुनिया के कई हिस्सों की तरह जापान में भी लोग भूत-प्रेत और नकारात्मक ऊर्जा पर यकीन करते हैं. इसी डर को कम करने और घरों की वैल्यू बढ़ाने के लिए जापान में एक अनोखी कंपनी सामने आई है, जो 'हॉन्टेड हाउस' यानी भूतिया घरों की जांच और "सफाई" करती है और वो भी वैज्ञानिक तरीके से.
भूतिया घरों की जांच करने वाली कंपनी
साल 2022 में रियल एस्टेट एजेंट काज़ुतोशी कोडामा ने "काचीमोडे" नाम की एक कंपनी शुरू की. इस कंपनी का उद्देश्य है – उन घरों की जांच करना जहां कभी अप्राकृतिक मौतें हुई हों या जिन्हें लोग 'भूतिया' मानते हैं. कंपनी का दावा है कि वे पैरानॉर्मल ऐक्टिविटी की पहचान कर सकते हैं और उसका समाधान भी देते हैं.
कैसे की जाती है जांच?
कोडामा की टीम किसी भी प्रॉपर्टी पर कई दिन बिताती है और वहां की गतिविधियों को बारीकी से मॉनिटर करती है. इसके लिए कंपनी वीडियो व ऑडियो रिकॉर्डर, इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फील्ड मीटर, थर्मल कैमरे, और वातावरण मापक यंत्रों का इस्तेमाल करती है. तापमान, नमी, शोर, हवा का दबाव और प्रवाह जैसे कई पहलुओं का वैज्ञानिक विश्लेषण किया जाता है.
सर्टिफिकेट के साथ मिलती है मानसिक शांति
जांच पूरी होने के बाद कंपनी एक सर्टिफिकेट देती है, जिसमें यह स्पष्ट किया जाता है कि उस संपत्ति में कोई असामान्य गतिविधि नहीं पाई गई. ये सर्टिफिकेट प्रॉपर्टी के मालिक या किरायेदारों के लिए मानसिक शांति और सुरक्षा की भावना देता है.
कितनी होती है कीमत?
काचीमोडे द्वारा दी जाने वाली इस खास सेवा की कीमत भारतीय मुद्रा में लगभग ₹47,000 से ₹88,000 के बीच होती है. हालांकि ये शुल्क थोड़ा भारी लग सकता है, लेकिन जो लोग भूतिया माहौल में नहीं रहना चाहते, उनके लिए ये रकम मानसिक राहत के आगे कम ही लगती है.
भूतिया छवि से गिरती है प्रॉपर्टी की वैल्यू
जापान में माना जाता है कि जिन घरों में अप्राकृतिक मौतें हुई हैं, उनकी बाजार में वैल्यू 10 से 20 फीसदी तक घट जाती है. यही कारण है कि कई प्रॉपर्टी मालिक इन घरों की "शुद्धि" करवा कर उन्हें दोबारा बेचने या किराए पर देने में रुचि दिखाते हैं.
भूतों पर विज्ञान की नजर
जापानी लोककथाओं के अनुसार, जिस स्थान पर कोई अप्राकृतिक मृत्यु होती है, वहां आत्माएं भटकती रहती हैं. लेकिन अब विज्ञान और तकनीक के जरिए इन मान्यताओं की परख की जा रही है. काचीमोडे जैसी कंपनियां परंपरा और तकनीक के संगम का एक अनूठा उदाहरण बनकर सामने आ रही हैं.
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