BPSMS Launch Apps: बिहार प्रशासनिक सुधार मिशन सोसाइटी (BPSMS) ने प्रशासनिक पारदर्शिता और सेवा वितरण को डिजिटल रूप देने के लक्ष्य के साथ कई अहम तकनीकी पहलों की शुरुआत की है. मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा ने सचिवालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित एक भव्य कार्यक्रम में इन नवाचारों का उद्घाटन किया. इस दौरान कई वरिष्ठ अधिकारी, तकनीकी विशेषज्ञ और अन्य गणमान्य अतिथि मौजूद रहे.
बिहार लोक सेवाओं का अधिकार अधिनियम, 2011 के तहत अब नागरिक अपनी शिकायतों और सेवा अस्वीकृतियों के खिलाफ https://rtpsappeal.bihar.gov.in पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन अपील और पुनर्विलोकन दर्ज कर सकेंगे. इससे न केवल प्रक्रिया सरल होगी बल्कि सरकारी सेवाओं के प्रति नागरिकों का भरोसा भी और मज़बूत होगा.
मोबाइल ऐप से HRMS और भी आसान
इस मौके पर Bihar HRMS ऐप का एंड्रॉइड वर्जन भी लॉन्च किया गया. यह ऐप अब Google Play Store पर उपलब्ध है. इसके माध्यम से सरकारी कर्मचारी छुट्टी के आवेदन, सेवा से जुड़े दावे, सर्विस बुक की जानकारी व सुधार जैसे कार्य आसानी से कर सकेंगे. iOS वर्जन जल्द ही उपलब्ध कराया जाएगा.
HRMS सिस्टम के नए मॉड्यूल का शुभारंभ
HRMS प्रणाली के दूसरे चरण के मॉड्यूल भी Go-Live किए गए, जिनमें शामिल हैं:
कर्मचारी स्वयं सेवा
अनुशासनात्मक कार्रवाई
वेतन प्रबंधन
पेंशन और बीमा
प्रशिक्षण
स्थानांतरण और पदोन्नति
प्रदर्शन मूल्यांकन
सेवा समाप्ति
इन मॉड्यूल्स के जरिए राज्य सरकार का मानव संसाधन प्रबंधन डिजिटल, पारदर्शी और उत्तरदायी बनेगा. साथ ही, इनके संचालन हेतु तीन विस्तृत मार्गदर्शिकाओं का भी विमोचन किया गया.
संविदा कर्मियों के लिए ₹5 लाख का कैशलेस स्वास्थ्य बीमा
कार्यक्रम में एक और महत्वपूर्ण घोषणा की गई, संविदा कर्मियों के लिए समूह स्वास्थ्य बीमा योजना का शुभारंभ. इसके तहत BPSMS ने SBI जनरल इंश्योरेंस के साथ त्रैवार्षिक एमओयू साइन किया. इस योजना में राज्य के 3,560 संविदा कर्मियों को शामिल किया गया है, जिसमें ₹5 लाख तक का कैशलेस उपचार देशभर के 17,500 नेटवर्क अस्पतालों में उपलब्ध होगा.
प्रमुख विशेषताएं:
पहले दिन से बीमा कवरेज
पूर्व बीमारी पर कोई प्रतीक्षा अवधि नहीं
मातृत्व लाभ: सामान्य प्रसव ₹20,000, सिजेरियन ₹50,000
ICU, आयुष, आधुनिक चिकित्सा शामिल
भर्ती से पहले और बाद के खर्च शामिल
SBI वेतन खाता धारकों को 24x7 समर्पित क्लेम सहायता टीम की सुविधा
अधिकारियों की प्रतिक्रियाएं
मुख्य सचिव अमृत लाल मीणा ने इन पहलों को “सुशासन की दिशा में मील का पत्थर” बताया. विकास आयुक्त ने कहा, “संविदा कर्मियों को अब सामाजिक सुरक्षा की मजबूत ढाल मिलेगी.” मिशन निदेशक और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने इसे डिजिटल परिवर्तन की दिशा में अहम पड़ाव बताया.
ये भी पढ़ें- OTT आने को तैयार Saiyaara, जानिए कब और किस प्लेटफॉर्म पर होगी रिलीज