अब वेनेजुएला में होगा तख्तापलट? मादुरो को सत्ता से हटाने के लिए CIA ने शुरू किया ऑपरेशन, जानें प्लान

वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को सत्ता से हटाने को लेकर अमेरिका और वेनेजुएला के बीच एक बार फिर तनाव गहराता दिखाई दे रहा है.

CIAs secret operation to stage a coup in Venezuela
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वॉशिंगटन/कराकास: वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को सत्ता से हटाने को लेकर अमेरिका और वेनेजुएला के बीच एक बार फिर तनाव गहराता दिखाई दे रहा है. अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने CIA को वेनेजुएला में गुप्त अभियान (Covert Operation) चलाने की अनुमति दी है. इस योजना का मकसद मादुरो शासन को कमजोर करना और सत्ता परिवर्तन को बल देना बताया गया है.

इस पूरे घटनाक्रम को लेकर अमेरिकी अखबार "न्यूयॉर्क टाइम्स" ने हाल ही में एक विस्तृत रिपोर्ट प्रकाशित की है, जिसमें ट्रंप प्रशासन की उस गुप्त नीति का जिक्र किया गया है, जिसके तहत अमेरिकी खुफिया एजेंसी को वेनेजुएला और कैरिबियन क्षेत्र में सीक्रेट और संभावित रूप से घातक मिशन संचालित करने की अनुमति दी गई थी.

ऑपरेशन का उद्देश्य: मादुरो को सत्ता से हटाना

सूत्रों के मुताबिक, इस ऑपरेशन का मुख्य उद्देश्य मादुरो को सत्ता से बाहर करना था. यह आदेश 2020-21 के बीच ट्रंप प्रशासन के अंतिम महीनों में जारी किया गया था, जब अमेरिका में घरेलू राजनीति के साथ-साथ लैटिन अमेरिका की जियोपॉलिटिक्स में भी तेजी से बदलाव हो रहे थे.

रिपोर्ट के अनुसार, सीआईए को न केवल खुफिया निगरानी, बल्कि जरूरी होने पर प्रत्यक्ष कार्रवाई करने का भी अधिकार दिया गया. हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं है कि CIA ने इस अभियान के तहत कौन-कौन सी गतिविधियां कीं और क्या वास्तव में जमीन पर बड़े स्तर पर ऑपरेशन हुआ या नहीं.

वेनेजुएला में हवाई हमले की योजना

इस रिपोर्ट में यह भी खुलासा हुआ है कि अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) ने राष्ट्रपति ट्रंप को सैन्य विकल्पों की एक विस्तृत योजना पेश की थी. इसमें वेनेजुएला की सीमा के भीतर हवाई हमलों के विकल्प, सामरिक ड्रोन हमले और विशेष बलों की सीमित तैनाती जैसी संभावनाओं पर विचार किया गया था.

बताया गया है कि यह योजना विदेश मंत्री मार्को रुबियो, उस समय के CIA निदेशक जॉन रैटक्लिफ, और अन्य सुरक्षा सलाहकारों के साथ विचार-विमर्श के बाद बनाई गई थी. इसमें गैर-घोषित सैन्य दबाव और गुप्त अभियानों के संयोजन से मादुरो को कमजोर करने की रणनीति थी.

ड्रग तस्करी पर कार्रवाई या सैन्य दबाव?

इस दौरान अमेरिकी सेना ने वेनेजुएला के तटवर्ती जलक्षेत्र में कई संदिग्ध जहाजों पर हमले भी किए. अमेरिका का दावा है कि ये जहाज ड्रग तस्करी में शामिल थे और आतंकी नेटवर्क से भी जुड़े हो सकते हैं.

  • सितंबर 2025 से अब तक की कार्रवाई में कम से कम 27 लोगों की मौत हो चुकी है.
  • सबसे ताजा हमला अक्टूबर 2025 में हुआ, जिसमें अमेरिका ने एक ड्रग ट्रैफिकिंग संदिग्ध जहाज को निशाना बनाया और 6 लोगों की मौत हुई.
  • ट्रंप ने "ट्रुथ सोशल" पर दावा किया कि यह जहाज एक "जाने-पहचाने नार्कोटिक रूट" पर था और प्रतिबंधित संगठनों से जुड़ा था.

लेकिन वेनेजुएला की सरकार का कहना है कि अमेरिका, ड्रग्स और आतंकवाद का बहाना बनाकर उनकी संप्रभुता पर हमला कर रहा है, और इसका असली मकसद देश में शासन परिवर्तन की कोशिश है.

सरकार बदलने की कोशिश- मादुरो

वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने अमेरिका पर सीधा आरोप लगाते हुए कहा है कि वाशिंगटन ड्रग्स कार्टेल के खिलाफ लड़ाई के नाम पर सरकार गिराने और क्षेत्रीय वर्चस्व कायम करने की कोशिश कर रहा है.

मादुरो ने अमेरिकी गतिविधियों को "आक्रामक और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के खिलाफ" बताया है. उनके अनुसार, अमेरिका दक्षिण अमेरिकी देशों में अस्थिरता फैलाकर अपने सैन्य और आर्थिक हितों को साधना चाहता है.

क्षेत्र में अमेरिकी सैन्य उपस्थिति बढ़ी

  • रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिका ने पिछले कुछ महीनों में दक्षिणी कैरिबियन क्षेत्र में सैन्य मौजूदगी बढ़ा दी है.
  • लगभग 10,000 अमेरिकी सैनिक इस क्षेत्र में तैनात हैं, जिनमें से अधिकांश प्यूर्टो रिको में हैं.
  • अमेरिकी नौसेना के जहाज और टोही विमान नियमित रूप से इस क्षेत्र में गश्त कर रहे हैं.

यह स्थिति वेनेजुएला और उसके सहयोगी देशों के लिए एक सैन्य चेतावनी के रूप में देखी जा रही है.

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