Bihar Pradhan Mantri Ekta Mall: पटना शहर को जल्द ही एक नई पहचान मिलने जा रही है. राजधानी के अटल पथ के समीप, एएन कॉलेज पानी टंकी के पास प्रधानमंत्री एकता मॉल यानी यूनिटी मॉल का निर्माण किया जाएगा. यह मॉल ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ योजना के तहत विकसित किया जाएगा, जिसका उद्देश्य देश की विविध सांस्कृतिक और पारंपरिक विरासत को एक ही मंच पर प्रस्तुत करना है. इस मॉल में बिहार के सभी जिलों के विशिष्ट उत्पादों के साथ-साथ देश के अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के पारंपरिक सामान भी उपलब्ध होंगे.
सोमवार को पटना के नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने प्रस्तावित यूनिटी मॉल स्थल का निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने परियोजना से जुड़ी तैयारियों की गहन समीक्षा की और संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माण कार्य तय समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए. निरीक्षण के दौरान उन्होंने भूमि की स्थिति, आसपास के ढांचे और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए.
अटल पथ के पास बनेगी नई पहचान की इमारत
प्रधानमंत्री एकता मॉल का निर्माण पटना के उस क्षेत्र में किया जाएगा, जो तेजी से विकसित हो रहा है और यातायात व संपर्क के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है. अटल पथ के समीप स्थित यह स्थान शहर के प्रमुख इलाकों से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है. नगर आयुक्त ने निरीक्षण के दौरान स्थल की उपलब्धता, ट्रैफिक मूवमेंट और आसपास मौजूद संरचनाओं की स्थिति का बारीकी से आकलन किया. उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि निर्माण कार्य शुरू होने से पहले सभी अवरोधों और जर्जर ढांचों को हटाया जाए, ताकि भविष्य में नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो.
‘एक जिला एक उत्पाद’ को मिलेगा स्थायी मंच
यूनिटी मॉल का मूल उद्देश्य ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ योजना को व्यवहारिक रूप देना है. इस मॉल के माध्यम से बिहार के हर जिले की पहचान उसके विशिष्ट उत्पादों के जरिए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित की जाएगी. इसके साथ ही देश के अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की पारंपरिक वस्तुएं भी एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी. इससे स्थानीय कारीगरों, शिल्पकारों और छोटे उद्यमियों को सीधा बाजार मिलेगा और उनके उत्पादों को व्यापक पहचान मिल सकेगी.
2.97 एकड़ क्षेत्र में बनेगा अत्याधुनिक मॉल
प्रधानमंत्री एकता मॉल का कुल क्षेत्रफल 12054 वर्गमीटर यानी लगभग 2.978 एकड़ होगा. इसमें 3069.67 वर्गमीटर क्षेत्र में ग्राउंड कवरेज निर्धारित किया गया है. मॉल का निर्माण बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और उसके ऊपर पांच मंजिल के रूप में किया जाएगा. कुल निर्मित क्षेत्र 19466.1 वर्गमीटर होगा, जिससे यह मॉल आकार और संरचना के लिहाज से पटना के प्रमुख व्यावसायिक केंद्रों में शामिल हो जाएगा.
पर्यावरण और सुविधाओं पर रहेगा विशेष ध्यान
नगर आयुक्त यशपाल मीणा ने स्पष्ट किया कि मॉल के निर्माण में पर्यावरणीय मानकों का पूरी तरह पालन किया जाएगा. परियोजना में सुव्यवस्थित पार्किंग व्यवस्था, आगंतुकों की सुरक्षा और बेहतर यातायात प्रबंधन को प्राथमिकता दी जाएगी. उनका कहना था कि यह मॉल केवल खरीदारी का स्थान नहीं होगा, बल्कि एक सार्वजनिक और सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा, जहां बड़ी संख्या में लोग आएंगे.
निर्माण कार्य की होगी लगातार निगरानी
निरीक्षण के समय नगर विकास प्राधिकार, पटना नगर निगम और बुडको के अधिकारी भी मौजूद थे. नगर आयुक्त ने सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि निर्माण कार्य की नियमित निगरानी की जाए और गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता न हो. उन्होंने कहा कि यह परियोजना पटना के शहरी विकास की दिशा में एक अहम कदम साबित होगी, इसलिए सभी कार्य योजनाबद्ध तरीके से और समय पर पूरे किए जाने चाहिए.
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