शहबाज शरीफ होंगे गिरफ्तार? जारी हुआ अरेस्ट वारंट, प्रधानमंत्री की कुर्सी पर मंडराया संकट; जानें मामला

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के खिलाफ अब अपने ही देश में गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है. यह कार्रवाई पाकिस्तान के कब्जे वाले बलूचिस्तान की निर्वासित सरकार द्वारा की गई है.

Arrest warrant issued against Pakistan Prime Minister Shahbaz Sharif
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इस्लामाबाद: पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के खिलाफ अब अपने ही देश में गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है. यह कार्रवाई पाकिस्तान के कब्जे वाले बलूचिस्तान की निर्वासित सरकार द्वारा की गई है. बलूचिस्तान के नागरिकों और राजनीतिक दलों द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ आजादी की आवाज़ उठाई जा रही है, और इस वारंट के जारी होने से यह मुद्दा एक नई ऊंचाई पर पहुंच गया है. शहबाज शरीफ पर आरोप है कि उन्होंने बलूचिस्तान के वीजा नियमों का उल्लंघन किया है और साथ ही इस क्षेत्र की सप्रभुता को गंभीर रूप से नुकसान पहुंचाया है.

शहबाज शरीफ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी

उन्होंने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, "बलूचिस्तान गणराज्य ने बलूचिस्तान के वीज़ा नियमों के उल्लंघन के लिए पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया है. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री बलूचिस्तान की संप्रभुता के गंभीर और जानबूझकर किए गए उल्लंघनों, जिसमें वैध वीज़ा के बिना गैर-कानूनी प्रवेश शामिल है, के लिए बलूचिस्तान गणराज्य द्वारा गिरफ्तारी के हकदार हैं. ऐसी गिरफ्तारी बलूचिस्तान के कानूनों और संप्रभु अधिकार के अनुसार, बलूचिस्तान के भीतर किसी भी हवाई अड्डे पर या एक्जिट पॉइंट पर पहुंचने पर की जा सकती है."

शहबाज शरीफ की कड़ी निंदा की

मीर यार बलूच ने आगे लिखा, "बलूचिस्तान गणराज्य इसके द्वारा पड़ोसी देश पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ के खिलाफ, वैध वीजा या कानूनी अनुमति के बिना बलूचिस्तान के क्षेत्र में उनके अवैध प्रवेश के लिए गिरफ्तारी वारंट जारी करता है. यह कार्य बलूचिस्तान की क्षेत्रीय अखंडता का घोर उल्लंघन और उसके हवाई क्षेत्र का गैर-कानूनी उल्लंघन है. बलूचिस्तान गणराज्य इस कृत्य की सबसे कड़ी और स्पष्ट शब्दों में निंदा करता है."

बलूचिस्तान को बताया स्वतंत्र राष्ट्र

उन्होंने बलूतिस्तान को एक पाकिस्तान से अलग एक स्वतंत्र राष्ट्र बताया. लिखा, "बलूचिस्तान एक अलग, संप्रभु और स्वतंत्र राज्य है. रैंक, पद या स्थिति की परवाह किए बिना कोई भी व्यक्ति, जिसमें पाकिस्तान के प्रधानमंत्री भी शामिल हैं, बलूचिस्तान के आव्रजन कानूनों से मुक्त नहीं है. उचित कानूनी दस्तावेजों और आधिकारिक तौर पर स्वीकृत वीजा के बिना बलूचिस्तान में प्रवेश बलूचिस्तान कानून के तहत एक आपराधिक अपराध है."

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