Ajinkya Rahane: कैप 278 साइनिंग ऑफ... गाबा के हीरो ने क्रिकेट को कहा अलविदा, रहाणे ने किया रिटायरमेंट का ऐलान

Ajinkya Rahane Retirement: अजिंक्य रहाणे ने क्रिकेट को कहा अलविदा, भारतीय क्रिकेट के शांत योद्धा का सुनहरा सफर हुआ खत्म

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Ajinkya Rahane Retirement: भारतीय क्रिकेट में कुछ खिलाड़ी ऐसे होते हैं जो अपने आक्रामक अंदाज से नहीं, बल्कि संयम, भरोसे और मुश्किल परिस्थितियों में टीम को संभालने की क्षमता से पहचान बनाते हैं. अजिंक्य रहाणे उन्हीं खिलाड़ियों में शामिल रहे. लगभग डेढ़ दशक तक भारतीय क्रिकेट की सेवा करने वाले रहाणे ने अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और इंडियन प्रीमियर लीग समेत खेल के सभी प्रारूपों से संन्यास लेने का फैसला कर लिया है. 30 जुलाई को सोशल मीडिया के जरिए उन्होंने अपने इस फैसले की जानकारी दी. रहाणे का यह ऐलान केवल एक खिलाड़ी के करियर का अंत नहीं है, बल्कि भारतीय क्रिकेट के उस दौर का समापन भी है, जिसमें उन्होंने कई यादगार जीतों और ऐतिहासिक पलों में अहम भूमिका निभाई.

इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए किया संन्यास का ऐलान

38 वर्षीय अजिंक्य रहाणे ने गुरुवार को इंस्टाग्राम पर एक भावुक संदेश साझा करते हुए अपने क्रिकेट करियर को विराम देने की घोषणा की. उन्होंने लिखा, "कैप नंबर 278, अब यहीं विराम. वर्षों तक मिले प्यार और समर्थन के लिए आप सभी का धन्यवाद. मैं हमेशा आपका आभारी रहूंगा." इस संदेश के साथ उन्होंने अपने परिवार, प्रशंसकों, साथियों, कोचों और भारतीय क्रिकेट से जुड़े हर व्यक्ति का आभार जताया. रहाणे ने स्पष्ट कर दिया कि वह अब क्रिकेट के किसी भी प्रारूप में खेलते नजर नहीं आएंगे.

आईपीएल का सफर भी यहीं हुआ समाप्त

अजिंक्य रहाणे पिछले आईपीएल सीजन में कोलकाता नाइट राइडर्स की कप्तानी करते हुए दिखाई दिए थे. इससे पहले वह राजस्थान रॉयल्स, चेन्नई सुपर किंग्स, मुंबई इंडियंस, दिल्ली कैपिटल्स और राइजिंग पुणे सुपरजायंट जैसी फ्रेंचाइजी का भी हिस्सा रहे. आईपीएल में उन्होंने 212 मुकाबले खेले और 5367 रन बनाए. इस दौरान उनके बल्ले से दो शतक और 35 अर्धशतक निकले. अपनी तकनीक और स्थिर बल्लेबाजी के दम पर उन्होंने लीग में भी अलग पहचान बनाई.

तीनों फॉर्मेट में कप्तानी करने वाले चुनिंदा भारतीय खिलाड़ियों में रहे शामिल

अजिंक्य रहाणे का नाम उन चुनिंदा भारतीय खिलाड़ियों में दर्ज है जिन्होंने टेस्ट, वनडे और टी20 इंटरनेशनल तीनों प्रारूपों में टीम इंडिया की कप्तानी की. उनकी कप्तानी का रिकॉर्ड बेहद प्रभावशाली रहा. टेस्ट क्रिकेट में उन्होंने छह मुकाबलों में भारत की कमान संभाली, जिसमें चार मैच जीते गए जबकि दो ड्रॉ रहे. सबसे खास बात यह रही कि उनकी कप्तानी में भारतीय टीम एक भी टेस्ट मुकाबला नहीं हारी. वनडे क्रिकेट में उन्होंने तीन मैचों में कप्तानी की और भारत को जीत दिलाई. वहीं टी20 इंटरनेशनल में दो मैचों में कप्तानी करते हुए एक जीत और एक हार उनके खाते में दर्ज हुई. शांत स्वभाव और रणनीतिक सोच ने उन्हें खिलाड़ियों और क्रिकेट विशेषज्ञों के बीच हमेशा सम्मान दिलाया.

टीम इंडिया के लिए बनाया शानदार रिकॉर्ड

रहाणे ने भारतीय टीम के लिए 85 टेस्ट, 90 वनडे और 20 टी20 इंटरनेशनल मुकाबले खेले. तीनों प्रारूपों को मिलाकर उन्होंने 8414 रन बनाए और उनका औसत 35.95 रहा. अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उन्होंने 15 शतक और 51 अर्धशतक लगाए. विदेशी परिस्थितियों में उनकी बल्लेबाजी को हमेशा खास माना गया और कई मौकों पर उन्होंने टीम को संकट से बाहर निकालने का काम किया.

ऑस्ट्रेलिया दौरा बना करियर का सबसे यादगार अध्याय

अगर अजिंक्य रहाणे के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि की बात की जाए तो 2020-21 का ऑस्ट्रेलिया दौरा हमेशा सबसे ऊपर रहेगा. एडिलेड टेस्ट में भारत की करारी हार और विराट कोहली की गैरमौजूदगी के बाद टीम पूरी तरह दबाव में थी. ऐसे समय में रहाणे ने कप्तानी की जिम्मेदारी संभाली और मेलबर्न टेस्ट में शानदार शतक लगाकर भारत को सीरीज में वापसी दिलाई.

इसके बाद चोटों से जूझ रही और कई युवा खिलाड़ियों से सजी भारतीय टीम ने ब्रिस्बेन के गाबा मैदान पर इतिहास रच दिया. भारत ने ऑस्ट्रेलिया को उसी के घर में 2-1 से टेस्ट सीरीज हराकर दुनिया को चौंका दिया. यह जीत भारतीय क्रिकेट इतिहास की सबसे महान उपलब्धियों में गिनी जाती है और इस ऐतिहासिक सफलता का सबसे बड़ा श्रेय अजिंक्य रहाणे की शांत, संतुलित और प्रेरणादायक कप्तानी को दिया जाता है.

टेस्ट क्रिकेट में विदेशी धरती पर बने भरोसे का दूसरा नाम

अजिंक्य रहाणे का टेस्ट करियर विदेशी दौरों पर उनके प्रदर्शन के लिए हमेशा याद किया जाएगा. उन्होंने 85 टेस्ट मैचों में 5077 रन बनाए. उनका बल्लेबाजी औसत 38.46 रहा और उन्होंने 12 शतक तथा 26 अर्धशतक लगाए. कठिन परिस्थितियों में धैर्य के साथ बल्लेबाजी करना उनकी सबसे बड़ी ताकत रही. यही कारण था कि टीम इंडिया को जब भी विदेशी पिचों पर भरोसेमंद बल्लेबाज की जरूरत पड़ी, रहाणे अक्सर उम्मीदों पर खरे उतरे.

वनडे और टी20 में भी निभाई अहम भूमिका

हालांकि रहाणे को टेस्ट विशेषज्ञ बल्लेबाज माना जाता है, लेकिन सीमित ओवरों के क्रिकेट में भी उन्होंने कई महत्वपूर्ण पारियां खेलीं. 90 वनडे मैचों में उन्होंने 2962 रन बनाए, जिसमें तीन शतक और 24 अर्धशतक शामिल रहे. वहीं 20 टी20 इंटरनेशनल मुकाबलों में उन्होंने 375 रन बनाए और भारतीय टीम के लिए कई उपयोगी पारियां खेलीं.

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