China Coal Mine Blast: चीन के शांक्सी प्रांत में एक बड़ा कोयला खदान हादसा हुआ है, जिसमें अब तक 90 मजदूरों की मौत हो चुकी है. वहीं 9 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं. इसे पिछले कई वर्षों में चीन का सबसे बड़ा कोयला खदान हादसा माना जा रहा है.
सरकारी मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक यह हादसा शुक्रवार को शांक्सी प्रांत के किनयुआन काउंटी की एक कोयला खदान में हुआ. यह इलाका चीन की राजधानी बीजिंग से करीब 520 किलोमीटर दूर स्थित है.
गैस अलर्ट के बाद हुआ जोरदार धमाका
जानकारी के अनुसार हादसे से पहले खदान में कार्बन मोनोऑक्साइड गैस का अलर्ट जारी किया गया था. इसके कुछ देर बाद खदान के अंदर जोरदार विस्फोट हो गया. धमाका इतना तेज था कि अंदर काम कर रहे मजदूरों में अफरा-तफरी मच गई. उस समय खदान के अंदर करीब 247 मजदूर काम कर रहे थे. हादसे के बाद कई मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन कई लोग अंदर ही फंस गए.
🚨Breaking: 247 Men Went Down. The CCP Will Decide How Many Come Back Up.
— Aric Chen (@aricchen) May 23, 2026
At 9:43 p.m. on Friday, May 22, in a coal mine 300 meters under the hills of Qinyuan County, Shanxi, a carbon monoxide sensor started screaming.
There were 247 men working underground at the Liushenyu… pic.twitter.com/kVd2uJzo8S
लगातार जारी है राहत और बचाव अभियान
हादसे के तुरंत बाद राहत और बचाव टीमों को मौके पर भेजा गया. बचाव दल लगातार खदान के अंदर फंसे मजदूरों की तलाश में जुटे हुए हैं. अब तक 90 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 9 मजदूरों की तलाश अभी भी जारी है. राहत कार्य के दौरान जहरीली गैस और मलबे की वजह से टीमों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.
राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने दिए सख्त निर्देश
चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने हादसे पर दुख जताते हुए अधिकारियों को राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा कि लापता लोगों को खोजने के लिए हर संभव कोशिश की जाए. उन्होंने यह भी कहा कि हादसे के जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए. साथ ही सभी विभागों को सुरक्षा नियमों का पालन और मजबूत करने के लिए कहा गया है.
चीन का सबसे बड़ा कोयला उत्पादक प्रांत
शांक्सी प्रांत चीन में सबसे ज्यादा कोयला उत्पादन करने वाला इलाका माना जाता है. यहां बड़ी संख्या में कोयला खदानें हैं, जहां हजारों मजदूर काम करते हैं. हालांकि चीन सरकार पिछले कुछ सालों से खदानों की सुरक्षा बेहतर करने का दावा करती रही है, लेकिन इसके बावजूद ऐसे हादसे लगातार सामने आ रहे हैं.
पहले भी हो चुके हैं बड़े हादसे
फरवरी 2023 में चीन के इनर मंगोलिया इलाके की एक कोयला खदान में भूस्खलन हुआ था. उस हादसे में 53 मजदूरों की मौत हो गई थी. इसके अलावा पिछले महीने भी शांक्सी के लुलियांग इलाके में खदान हादसा हुआ था, जिसमें 4 लोगों की जान चली गई थी. लगातार हो रहे हादसों ने खदानों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं.
सरकार ने सुरक्षा बढ़ाने पर दिया जोर
राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने कहा कि सभी सरकारी विभागों और राज्यों को इस हादसे से सीख लेने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि काम की जगहों पर सुरक्षा नियमों को और सख्ती से लागू किया जाना चाहिए ताकि भविष्य में ऐसे हादसे रोके जा सकें. उन्होंने यह भी कहा कि चीन में इस समय बारिश का मौसम चल रहा है, इसलिए बाढ़ और दूसरे प्राकृतिक खतरों से बचने के लिए भी पहले से तैयारी मजबूत रखना जरूरी है.
प्रधानमंत्री ली कियांग ने भी जताई चिंता
चीन के प्रधानमंत्री ली कियांग ने भी हादसे पर दुख जताया है. उन्होंने अधिकारियों से कहा कि लापता मजदूरों को बचाने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएं. उन्होंने हादसे की वजह की जल्द जांच करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं. सरकारी मीडिया के अनुसार चीन के उप प्रधानमंत्री झांग गुओकिंग और कई स्थानीय अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे हैं और राहत कार्य की निगरानी कर रहे हैं.
ये भी पढ़ें- दिल्ली-NCR में बदला मौसम का मिजाज, आंधी के साथ हुई झमाझम बारिश, भीषण गर्मी से मिली राहत, Video