Amit Shah ON 14C: भारत में साइबर क्राइम की हर रोज नई-नई घटनाए सामने आ रही हैं. ऐसे में सरकार के ऊपर बड़ी जिम्मेदारी ये है कि साइबर अपाराधियों पर कैसे लगाम लगाई जाए और आम लोगों को कैसे उसके प्रति जागरूक किया जाए? इसी संबंध में मंगलवार को केंद्रीय गृंह मंत्री ने साइबर धोखाधड़ी से बचाव पर आयोजित सम्मेलन को संबोधित किया. अमित शाह ने कहा, "सबसे पहले मैं CBI और I4C को उनके सराहनीय कार्य के लिए हार्दिक बधाई देना चाहता हूँ. साइबर अपराध को रोकने और कम करने के लिए गृह मंत्रालय के नेतृत्व में I4C, राज्य पुलिस, CBI, NIA, दूरसंचार विभाग, बैंकिंग सचिवालय, आईटी मंत्रालय, RBI और न्यायपालिका सहित कई संस्थाएं मिलकर प्रयास कर रहे हैं."
उन्होंने आगे कहा, "11 साल पहले 25 करोड़ इंटरनेट उपभोक्ता थे, आज 100 करोड़ हो गए हैं. ब्रॉडबैंड कनेक्शन में भी 16 गुना वृद्धि होकर 100 करोड़ पार हो चुके हैं. 1 जीबी डेटा का मूल्य 97% कम हुआ है, इससे कनेक्शन और उपयोग बढ़ा है." गृह मंत्री ने कहा कि 11 साल पहले 546 पंचायतें भारतनेट से जुड़ी थीं, आज 2 लाख जुड़ चुकी हैं. यूपीआई ट्रांजेक्शन में 2024 में हमने 233 ट्रिलियन भारतीय रुपये मूल्य के 181 बिलियन डिजिटल ट्रांजेक्शन किए. दुनिया में हर दूसरा डिजिटल ट्रांजेक्शन भारत में हो रहा है. 2024 में पेमेंट सिस्टम के कुल 97% ट्रांजेक्शन डिजिटल थे और वॉल्यूम के हिसाब से 99% डिजिटल ट्रांजेक्शन हुए.
Addressing the National Conference on Tackling Cyber-Enabled Frauds & Dismantling the Ecosystem organized by the CBI in New Delhi. https://t.co/P8fUrXjT8v
— Amit Shah (@AmitShah) February 10, 2026
2019 में 14C की स्थापना क्यों हुई?
अमित शाह ने कहा, "जनवरी 2019 में गृह मंत्रालय ने I4C की स्थापना की. I4C एक अद्भुत इंफ्रास्ट्रक्चर खड़ा करने में सफल रहा है. विभिन्न एजेंसियों के बीच इसने बेहतर समन्वय स्थापित किया, आवश्यक साइबर इंफ्रास्ट्रक्चर कई जगह खड़ा किया और साइबर अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कदम उठाए हैं." उन्होंने आगे कहा, गृह मंत्रालय ने साइबर अपराध के खिलाफ काफी पहले ही एक व्यापक रणनीति अपनाई है, जिसमें रियल-टाइम रिपोर्टिंग, फॉरेंसिक प्रयोगशालाओं का नेटवर्क, क्षमता निर्माण, रिसर्च और डेवलपमेंट, साइबर जागरूकता को समाज तक पहुँचाना और साइबर स्पेस में साइबर हाइजीन सुनिश्चित करना शामिल है. अब इन सभी प्रयासों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर हमें एक मजबूत और सुरक्षित तंत्र बनाने की दिशा में आगे बढ़ना होगा."
"I4C के रिपोर्टिंग पोर्टल का व्यापक उपयोग हुआ"
अमित शाह ने कहा, "जनवरी 2020 से 2025 तक I4C के रिपोर्टिंग पोर्टल का व्यापक उपयोग हुआ है. 30 नवंबर 2025 तक इसे 23 करोड़ से अधिक बार इस्तेमाल किया गया, जो इसकी बढ़ती अहमियत को दर्शाता है. इसी अवधि में 82 लाख साइबर क्राइम शिकायतें दर्ज हुईं, जिनमें से लगभग 1 लाख 84 हजार एफआईआर में परिवर्तित की गईं और अनेक मामलों का निराकरण भी हुआ." उन्होंने कहा, "31 दिसंबर 2025 तक देश के 62 बैंक और वित्तीय संस्थाएँ ऑनबोर्ड हो चुकी हैं और गृह मंत्रालय ने लक्ष्य रखा है कि कोऑपरेटिव बैंक सहित सभी को इस दिसंबर तक ऑनबोर्ड कर लिया जाएगा."
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