Rule Change 2025: नवंबर 2025 की शुरुआत के साथ देशभर में कई वित्तीय और प्रशासनिक नियमों में बदलाव किए गए हैं, जिनका सीधा असर आम लोगों की जेब और रोजमर्रा की ज़िंदगी पर पड़ेगा. इन बदलावों में आधार कार्ड अपडेट फीस से लेकर बैंक नामांकन, जीएसटी स्लैब, पेंशन नियमों और क्रेडिट कार्ड चार्जेज तक कई अहम दायरे शामिल हैं.
सरकार और वित्तीय संस्थानों की इन नई नीतियों का उद्देश्य प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी और डिजिटल बनाना है, लेकिन आम उपभोक्ता के लिए यह सुविधाएं राहत और जिम्मेदारी दोनों लेकर आई हैं.
1. बच्चों के लिए आधार अपडेट अब बिल्कुल मुफ्त
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने आधार कार्ड से जुड़ा एक बड़ा फैसला लिया है. अब बच्चों के आधार कार्ड में बायोमेट्रिक अपडेट करवाने पर कोई शुल्क नहीं देना होगा. पहले यह फीस ₹125 थी, लेकिन अब इसे एक साल के लिए पूरी तरह माफ कर दिया गया है.वहीं, वयस्कों के लिए नाम, जन्मतिथि, पता या मोबाइल नंबर अपडेट करने का शुल्क ₹75 तय किया गया है, जबकि फिंगरप्रिंट या आईरिस स्कैन जैसे बायोमेट्रिक बदलाव के लिए ₹125 फीस देनी होगी. UIDAI का यह कदम बच्चों की पहचान अपडेट को आसान और सुलभ बनाने की दिशा में एक बड़ा सुधार माना जा रहा है.
2. बैंक नामांकन नियम हुए सरल, अब चार नाम तक जोड़ सकेंगे
1 नवंबर से बैंक अकाउंट, लॉकर या सेफ डिपॉजिट के लिए नामांकित व्यक्तियों की सीमा बढ़ा दी गई है. अब ग्राहक अधिकतम चार लोगों को नामांकित कर सकते हैं. इस नियम का उद्देश्य आपात स्थिति में परिवार को वित्तीय सहायता तक त्वरित पहुंच देना और मालिकाना विवादों से बचना है. इसके साथ ही बैंक ने नामांकन जोड़ने या बदलने की प्रक्रिया को और डिजिटल और पेपरलेस बना दिया है. अब आधार से जुड़ी बुनियादी जानकारी जैसे नाम, जन्मतिथि और पता — ऑनलाइन बदली जा सकती है, वह भी बिना किसी अतिरिक्त दस्तावेज़ जमा किए.
3. नए जीएसटी स्लैब लागू, टैक्स स्ट्रक्चर हुआ सरल
सरकार ने 1 नवंबर से देश के जीएसटी सिस्टम में बड़ा सुधार लागू कर दिया है.अब तक की चार-स्लैब संरचना (5%, 12%, 18% और 28%) को बदलकर दो-स्लैब प्रणाली लागू की गई है. 12% और 28% की दरें हटाई गई हैं, जबकि लग्जरी और हानिकारक वस्तुओं पर अब 40% टैक्स स्लैब लागू होगा. सरकार का दावा है कि इस बदलाव से व्यवसायों के लिए टैक्स प्रक्रिया आसान होगी और आम उपभोक्ताओं के लिए कई वस्तुओं की कीमतों में स्थिरता आएगी.
4. एनपीएस से यूपीएस में बदलाव की समय सीमा बढ़ाई गई
केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए एक राहत भरी खबर है. जो कर्मचारी राष्ट्रीय पेंशन सिस्टम (NPS) से यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) में शिफ्ट होना चाहते हैं, उन्हें अब 30 नवंबर 2025 तक का अतिरिक्त समय दिया गया है. पहले यह अंतिम तारीख 31 अक्टूबर थी. इस विस्तार से कर्मचारियों को अपनी सेवानिवृत्ति योजना की समीक्षा और आवश्यक निर्णय लेने के लिए अधिक अवसर मिलेगा.
5. पेंशनर्स को नवंबर में देना होगा लाइफ सर्टिफिकेट
देशभर के सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारी चाहे वे केंद्र सरकार से हों या राज्य सरकार से को नवंबर के अंत तक लाइफ सर्टिफिकेट जमा करना अनिवार्य है. यह कार्य बैंक शाखा में जाकर या जीवन प्रमाण पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन भी किया जा सकता है. अगर यह प्रमाणपत्र समय पर जमा नहीं किया गया, तो पेंशन भुगतान में देरी या अस्थायी रोक लग सकती है.सरकार का कहना है कि डिजिटल प्लेटफॉर्म से इस प्रक्रिया को अब पहले से कहीं अधिक आसान और पारदर्शी बना दिया गया है.
6. पीएनबी में लॉकर फीस बढ़ने की तैयारी
पंजाब नेशनल बैंक (PNB) ने अपने लॉकर किराया शुल्क (Locker Rent) में संशोधन की घोषणा की है.नई दरें लॉकर के आकार और श्रेणी के आधार पर तय की जाएंगी. सूत्रों के अनुसार, अपडेटेड फीस की आधिकारिक घोषणा नवंबर में होगी, और यह नियम सूचना जारी होने के 30 दिन बाद लागू होंगे.इस कदम से बैंकिंग सेक्टर में रखरखाव और सुरक्षा लागत को संतुलित करने में मदद मिलेगी, हालांकि ग्राहकों के लिए यह थोड़ा महंगा साबित हो सकता है.
7. एसबीआई कार्ड यूज़र्स के लिए नई चार्ज पॉलिसी
देश के सबसे बड़े बैंक एसबीआई कार्ड ने 1 नवंबर से नई फीस नीति लागू की है.अब अगर ग्राहक Mobikwik या CRED जैसे थर्ड-पार्टी ऐप्स के जरिए शैक्षणिक भुगतान करते हैं, तो उन्हें 1% अतिरिक्त शुल्क देना होगा.साथ ही, डिजिटल वॉलेट में ₹1,000 से अधिक की राशि लोड करने पर भी यही चार्ज लागू होगा.इस नीति का मकसद कार्ड के माध्यम से हो रहे अन्य प्लेटफॉर्म लेनदेन को नियमित और नियंत्रित करना है.
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