POK Protest Violence: पाक अधिकृत कश्मीर (पीओके) के कोटली में शनिवार को पाकिस्तान सरकार और सेना के खिलाफ भारी प्रदर्शन हुए. हजारों लोग सड़कों पर उतरे और अपनी नाराजगी जाहिर की. सुरक्षाबलों ने प्रदर्शन को दबाने के लिए कड़ी कार्रवाई की, जिसमें गोली चलाने की भी खबरें सामने आईं.
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, प्रदर्शनकारियों पर सुरक्षाबलों ने गोलीबारी की. कई लोग घायल हुए हैं. स्थिति को गंभीर देखते हुए पाकिस्तान सरकार ने पर्यटकों को पीओके में यात्रा न करने की सलाह दी है. साथ ही पत्रकारों के लिए भी क्षेत्र में जाने पर पाबंदी लगा दी गई है. सुरक्षा कड़ी करते हुए लगभग 2,000 पुलिसकर्मी और 167 एफसी प्लाटून तैनात किए गए हैं.
#BREAKING: Massive protests & violence in Kotli of Pakistan Occupied Kashmir (PoK). Innocent common people targeted. Pakistani forces used firing against protesting civilians. Thousands on the roads. Tourists asked not to visit Pakistan Occupied Kashmir (PoK). Journalists banned. pic.twitter.com/1YFlffnepC
— Aditya Raj Kaul (@AdityaRajKaul) September 27, 2025
महंगाई और बेरोजगारी से फूटा लोगों का गुस्सा
पीओके में बढ़ते विरोध के पीछे मुख्य कारण महंगाई, रोजगार की कमी और संसाधनों पर नियंत्रण का मुद्दा है. ज्वाइंट अवामी एक्शन कमेटी के नेतृत्व में लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं. पाकिस्तान की सेना और सरकार विरोध प्रदर्शन को दबाने में लगी है, लेकिन जनता का गुस्सा कम होता नहीं दिख रहा.
रावलकोट में भी हुए थे बड़े विरोध प्रदर्शन
यह पहली बार नहीं है जब पीओके में इस तरह के विरोध हुए हों. पिछले महीने रावलकोट में भी बड़ी संख्या में लोग पाकिस्तान की सेना के खिलाफ प्रदर्शन करते दिखे थे. वहां आर्मी प्रमुख असीम मुनीर पर भी गंभीर आरोप लगाए गए थे.
पाकिस्तान सेना पर लगातार बढ़ते हैं आरोप
पीओके में पाकिस्तानी सेना के अत्याचारों और दमन की खबरें लगातार सामने आ रही हैं. पिछले साल मई में महंगाई, बिजली बिलों में वृद्धि और अन्य आर्थिक कारणों से मुजफ्फराबाद में भी हिंसा हुई थी. अब आर्थिक और राजनीतिक अस्थिरता की वजह से पीओके में हालात तेजी से बिगड़ रहे हैं.
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