Bihar News: पटना में लगातार मिल रही बम की धमकियों ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है. हाल ही में सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिलने के बाद अब जिले के मनेर स्थित उप डाकघर परिसर में संचालित पासपोर्ट सेवा कार्यालय को भी धमकी भरा ईमेल मिला है. ईमेल में साइनाइड गैस छोड़ने और आरडीएक्स से विस्फोट करने जैसी गंभीर बातें लिखी गईं, जिसके बाद प्रशासन ने बिना देर किए पूरे परिसर को खाली कराकर जांच शुरू कर दी. फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां ईमेल की सत्यता, उसके स्रोत और इसके पीछे की मंशा का पता लगाने में जुटी हैं, जबकि आम लोगों से अफवाहों से दूर रहने की अपील की गई है.
धमकी भरे ईमेल से मची अफरा-तफरी
सोमवार दोपहर पासपोर्ट सेवा कार्यालय के आधिकारिक ईमेल पर एक धमकी भरा संदेश प्राप्त हुआ. ईमेल में धार्मिक भावनाओं का हवाला देते हुए दावा किया गया कि कार्यालय परिसर में साइनाइड गैस छोड़ी जाएगी और बाद में आरडीएक्स के जरिए विस्फोट किया जाएगा. संदेश सामने आते ही प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया. मामले की गंभीरता को देखते हुए किसी भी तरह का जोखिम न लेते हुए तत्काल सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू कर दिए गए.
सुरक्षा के लिए तुरंत खाली कराया गया पूरा परिसर
धमकी मिलने की सूचना मिलते ही मनेर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे उप डाकघर परिसर को खाली कराया गया. वहां मौजूद कर्मचारियों, पासपोर्ट से जुड़े काम के लिए आए लोगों और अन्य नागरिकों को सुरक्षित बाहर निकाला गया. इसके बाद पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर किसी भी संदिग्ध वस्तु या गतिविधि की तलाश शुरू कर दी गई ताकि संभावित खतरे को समय रहते टाला जा सके.
बम निरोधक दस्ता और सुरक्षा एजेंसियां जांच में जुटीं
घटना की जानकारी मिलते ही बम निरोधक दस्ता और अन्य सुरक्षा एजेंसियों को भी मौके पर बुलाया गया. विशेषज्ञों की टीम ने परिसर की बारीकी से जांच शुरू की और हर हिस्से की तलाशी ली. पुलिस आसपास के इलाकों में भी अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके. फिलहाल जांच पूरी होने तक सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है.
साइबर टीम खंगाल रही है ईमेल का स्रोत
धमकी भरा ईमेल किसने भेजा और यह किस नेटवर्क या डिवाइस से भेजा गया, इसका पता लगाने के लिए पुलिस की साइबर टीम तकनीकी जांच में जुटी हुई है. ईमेल की डिजिटल ट्रेल, आईपी एड्रेस और अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच की जा रही है. अधिकारियों का प्रयास है कि जल्द से जल्द संदेश भेजने वाले व्यक्ति या समूह की पहचान कर उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सके.
हर पहलू से हो रही जांच
जांच एजेंसियां इस संभावना पर भी काम कर रही हैं कि कहीं यह केवल दहशत फैलाने की कोशिश तो नहीं है. हालांकि सुरक्षा एजेंसियां किसी भी संभावना को नजरअंदाज नहीं कर रही हैं. इसलिए पूरे मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है ताकि यह स्पष्ट हो सके कि धमकी सिर्फ शरारत थी या इसके पीछे कोई संगठित साजिश छिपी है.
लोगों से संयम बरतने की अपील
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से फैलने वाली अपुष्ट खबरों पर भरोसा न करें. अधिकारियों ने कहा है कि सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सक्रिय है और पूरे मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है. लोगों से केवल आधिकारिक जानकारी पर विश्वास करने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को देने की अपील की गई है.
ये भी पढ़ें-त्रिपुरा के DGP अनुराग धनकड़ की संदिग्ध मौत, पुलिस मुख्यालय में पाए गए मृत, आत्महत्या की आशंका