Taliban On Pakistani Army: पाकिस्तान और अफगानिस्तान के तालिबान शासन के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता दिख रहा है. तालिबान के प्रवक्ता जबीउल्लाह मुजाहिद ने आरोप लगाया है कि पाकिस्तान की सेना अफगानिस्तान में गृहयुद्ध भड़काने की कोशिश कर रही है. उन्होंने कहा कि बदख्शान प्रांत में विद्रोहियों के साथ हुई लड़ाई में पाकिस्तानी सेना के जवान भी शामिल थे.
वहीं, अफगानिस्तान के ग्रामीण पुनर्वास और विकास मंत्री अब्दुल लतीफ मंसूर ने भी पाकिस्तान को चेतावनी दी है. उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान ने पहले सोवियत संघ और अमेरिका का दबाव नहीं माना और अब वह पाकिस्तान की दासता भी स्वीकार नहीं करेगा.
पाकिस्तान को तालिबान की सीधी चेतावनी
तालिबानी मंत्री मंसूर ने कहा कि अगर पाकिस्तान अफगानिस्तान के खिलाफ अपनी आक्रामक कार्रवाई जारी रखता है तो उसे इसका कड़ा जवाब दिया जाएगा. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को उसी तरह जवाब मिलेगा, जिस तरह पहले रूस और अमेरिका को दिया गया था.
तालिबान की यह चेतावनी ऐसे समय आई है, जब अफगानिस्तान के बदख्शान प्रांत में तालिबान शासन के खिलाफ हथियारबंद विरोध शुरू हो गया है. इसी बीच तालिबान ने बदख्शान के अपने गवर्नर को भी पद से हटा दिया है. बदख्शान अफगानिस्तान का वह इलाका है, जो पाकिस्तान की सीमा के करीब है.
‘पाकिस्तान की गुलामी मंजूर नहीं’
पाकिस्तान और तालिबान के बीच टीटीपी आतंकियों को लेकर पहले से तनाव बना हुआ है. इसके अलावा पाकिस्तान तालिबान सरकार और भारत के बीच बढ़ते रिश्तों से भी नाराज है. पाकिस्तान चाहता है कि तालिबान सरकार उसकी बात माने, लेकिन तालिबान ऐसा करने को तैयार नहीं है.
तालिबान प्रवक्ता के आरोपों पर पाकिस्तान सरकार ने जवाब देते हुए इन्हें खारिज कर दिया. पाकिस्तान का कहना है कि बदख्शान में अपनी भूमिका को लेकर तालिबान ने कोई भरोसेमंद सबूत पेश नहीं किया है.
तालिबान के आरोपों पर पाकिस्तान का जवाब
पाकिस्तान के सूचना मंत्रालय ने सोशल मीडिया पर कहा कि तालिबान के आरोपों में कोई सच्चाई नहीं है. पाकिस्तान ने दावा किया कि बदख्शान में हो रही हिंसा अफगानिस्तान की अपनी सुरक्षा समस्याओं का नतीजा है और इसमें पाकिस्तान का कोई हाथ नहीं है.
पाकिस्तान ने यह भी कहा कि तालिबान शासन की नीतियों और उसके दमन के कारण वहां समस्याएं बढ़ रही हैं. पाकिस्तान सरकार के मुताबिक, वह लगातार क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने की कोशिश कर रही है और उसका अफगानिस्तान को अस्थिर करने का कोई इरादा नहीं है.
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