ओमान की खाड़ी में संकट, नाव में सवार थे 14 भारतीय... US और इंडियन नेवी ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन

Oman Boat Rescue: ओमान के पूर्वी तट के निकट एक नाव के समुद्र में संकटग्रस्त होने के बाद बड़े स्तर पर बचाव अभियान चलाया गया. प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह नाव रस अल हद्द से लगभग 80 समुद्री मील पूर्व में परेशानी में फंस गई थी.

Boat carrying Indians in distress Gulf of Oman US and Indian Navies launch rescue operation
Image Source: ANI/ File

Oman Boat Rescue: ओमान के पूर्वी तट के निकट एक नाव के समुद्र में संकटग्रस्त होने के बाद बड़े स्तर पर बचाव अभियान चलाया गया. प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह नाव रस अल हद्द से लगभग 80 समुद्री मील पूर्व में परेशानी में फंस गई थी. घटना की सूचना मिलते ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर समन्वित राहत अभियान शुरू किया गया.

सूत्रों के मुताबिक रविवार सुबह अमेरिकी नौसेना को नाव की आपात स्थिति की जानकारी मिली. इसके बाद संबंधित समुद्री अधिकारियों और भारतीय नौसेना को तुरंत सूचित किया गया, ताकि समय रहते राहत और बचाव कार्य शुरू किया जा सके.

P-8 विमान ने पहुंचाई मदद

बचाव अभियान के दौरान अमेरिकी नौसेना के P-8 समुद्री निगरानी विमान को घटनास्थल पर भेजा गया. विमान ने प्रभावित क्षेत्र में पहुंचकर एक लाइफ राफ्ट समुद्र में उतारी और पूरे अभियान की निगरानी की. बताया गया कि नाव के डूबने का खतरा बढ़ने पर उसमें मौजूद लोग सुरक्षा के लिए लाइफ राफ्ट तक पहुंच गए.

व्यापारी जहाज ने भी निभाई अहम भूमिका

रेस्क्यू ऑपरेशन में पास से गुजर रहे एक व्यापारी जहाज को भी शामिल किया गया. सेंट किट्स एंड नेविस के झंडे वाले MV Jabal Ali 9 नामक जहाज को अमेरिकी विमान की सूचना के बाद संकटग्रस्त क्षेत्र की ओर मोड़ा गया. यह जहाज सोहार से मुंबई की यात्रा पर था और उसने राहत कार्य में सहयोग दिया.

सभी यात्री भारतीय नागरिक

अधिकारियों के अनुसार, नाव में सवार सभी 14 लोग भारतीय नागरिक हैं. हालांकि उनकी स्थिति को लेकर तत्काल विस्तृत जानकारी जारी नहीं की गई है, लेकिन बचाव अभियान पर लगातार नजर रखी जा रही है और संबंधित एजेंसियां स्थिति का मूल्यांकन कर रही हैं.

रणनीतिक रूप से संवेदनशील क्षेत्र में हुई घटना

यह समुद्री घटना ऐसे क्षेत्र में हुई है जो होर्मुज जलडमरूमध्य के करीब स्थित है. पश्चिम एशिया में जारी तनाव और क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों के कारण यह इलाका वैश्विक समुद्री गतिविधियों के लिहाज से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है.

समुद्री यातायात पर पहले से दबाव

हाल के महीनों में क्षेत्रीय तनाव के चलते खाड़ी क्षेत्र और होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास जहाजों की आवाजाही प्रभावित रही है. कई शिपिंग कंपनियां अतिरिक्त सावधानी बरत रही हैं और समुद्री मार्गों की निगरानी बढ़ाई गई है. ऐसे माहौल में इस घटना ने समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता और बढ़ा दी है.

कारणों की जांच जारी

फिलहाल नाव के संकट में आने या डूबने की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है. अधिकारियों का कहना है कि बचाव अभियान के साथ-साथ घटना के कारणों की भी जांच की जा रही है. उम्मीद जताई जा रही है कि सभी भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकालने के प्रयास सफल होंगे.

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