Bihar News: बिहार के विकास और बदलती अर्थव्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य की वित्तीय यात्रा और पिछले वर्षों में हुए बदलावों का जिक्र किया. वितरण समारोह के दौरान उन्होंने बिहार की आर्थिक स्थिति से लेकर बजट के आकार तक की तस्वीर सामने रखते हुए कहा कि बिहार को लंबे समय तक पिछड़े राज्य के तौर पर देखा गया, लेकिन राज्य की क्षमता कभी कम नहीं थी. जरूरत थी तो बेहतर नेतृत्व और संसाधनों को सही दिशा में इस्तेमाल करने की.
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार का इतिहास आर्थिक और औद्योगिक दृष्टि से बेहद समृद्ध रहा है. उन्होंने कहा कि जिस बिहार को आज पिछड़ेपन के नजरिए से देखा जाता है, उसी बिहार में कभी टाटा, धनबाद और बोकारो जैसे औद्योगिक क्षेत्र जुड़े हुए थे. उनके मुताबिक, समस्या बिहार की क्षमता में नहीं बल्कि नेतृत्व की कमी में रही, जिसके कारण राज्य अपनी पूरी संभावनाओं का इस्तेमाल नहीं कर पाया. सम्राट चौधरी ने अपने संबोधन में कहा कि बिहार को पिछड़ा कहना पूरी तस्वीर नहीं बताता. उन्होंने कहा कि बिहार में पहले भी आर्थिक गतिविधियों और संसाधनों की कमी नहीं थी. औद्योगिक और खनिज संसाधनों वाले क्षेत्र बिहार के आर्थिक ढांचे का हिस्सा रहे हैं.
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