Cargo Ship Sinks: बंगाल की खाड़ी में शनिवार को एक बड़ा समुद्री हादसा सामने आया है. ओडिशा के पारादीप तट से करीब 240 समुद्री मील दूर पनामा के झंडे वाला एक मालवाहक जहाज डूब गया. हादसे के समय जहाज पर चालक दल के 24 सदस्य मौजूद थे. शुरुआती जानकारी के मुताबिक भारतीय तटरक्षक बल ने लाइफ राफ्ट के जरिए दो लोगों को सुरक्षित बचा लिया है, जबकि बाकी चालक दल के सदस्यों की तलाश के लिए बड़े स्तर पर सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है.
यह जहाज ओडिशा से करीब 1,700 टन आयरन ओर फाइन्स लेकर सिंगापुर के लिए रवाना हुआ था. जहाज के डूबने की वजह फिलहाल स्पष्ट नहीं हो सकी है. घटना की सूचना मिलते ही भारतीय तटरक्षक और भारतीय नौसेना ने संयुक्त रूप से बचाव अभियान शुरू किया और आसपास से गुजर रहे दूसरे जहाजों को भी अलर्ट किया गया.
पारादीप से 240 समुद्री मील दूर डूबा जहाज
अधिकारियों के अनुसार कार्गो जहाज शुक्रवार को ओडिशा के तट से सिंगापुर के लिए रवाना हुआ था. जहाज पारादीप तट से करीब 240 समुद्री मील दूर पहुंचा था, तभी वह समुद्र में डूब गया. घटना के बाद जहाज की आखिरी लोकेशन के आसपास खोज अभियान तेज कर दिया गया है. समुद्र में राहत एवं बचाव अभियान मौसम और समुद्री परिस्थितियों पर भी निर्भर करता है. ऐसे में अधिकारियों ने आसपास मौजूद अन्य जहाजों को भी घटनास्थल के करीब पहुंचकर संभावित रूप से फंसे चालक दल के सदस्यों की मदद करने के लिए अलर्ट किया है.
जहाज पर 24 सदस्य थे सवार
भारतीय तटरक्षक बल के प्रवक्ता कमांडेंट अमित उनियाल के मुताबिक जहाज पर कुल 24 क्रू सदस्य सवार थे. इनमें 20 चीनी नागरिक, तीन म्यांमार के नागरिक और एक बांग्लादेशी नागरिक शामिल था. अधिकारियों ने बताया कि अब तक लाइफ राफ्ट से दो लोगों को बचाया जा चुका है. हालांकि बाकी सदस्यों की मौजूदा स्थिति को लेकर तत्काल पूरी जानकारी सामने नहीं आई थी. बचाव दल समुद्र में संभावित स्थानों पर लगातार तलाश कर रहे हैं.
कोस्ट गार्ड और नेवी ने संभाला मोर्चा
जहाज के डूबने की जानकारी मिलते ही भारतीय तटरक्षक बल और भारतीय नौसेना सक्रिय हो गए. दोनों एजेंसियों ने मिलकर सर्च एंड रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया है. जहाज की आखिरी लोकेशन को आधार बनाकर समुद्री क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया जा रहा है. इसके अलावा आसपास मौजूद दूसरे जहाजों को भी संदेश भेजकर सतर्क किया गया है, ताकि अगर किसी क्रू सदस्य को समुद्र में किसी लाइफ राफ्ट या अन्य माध्यम से मदद मिल रही हो तो उसे जल्द से जल्द सुरक्षित निकाला जा सके.
जहाज के डूबने की वजह अभी साफ नहीं
अधिकारियों के मुताबिक अभी तक जहाज के डूबने की स्पष्ट वजह सामने नहीं आई है. यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि जहाज में तकनीकी खराबी आई थी, समुद्री परिस्थितियां खराब थीं या किसी अन्य कारण से यह हादसा हुआ. फिलहाल प्राथमिकता चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित तलाशना और उन्हें समुद्र से बाहर निकालना है. बचाव अभियान पूरा होने के बाद ही हादसे की परिस्थितियों को लेकर ज्यादा स्पष्ट जानकारी सामने आने की उम्मीद है.
1,700 टन लौह अयस्क लेकर जा रहा था जहाज
पनामा के झंडे वाला यह मालवाहक जहाज ओडिशा से करीब 1,700 टन आयरन ओर फाइन्स लेकर सिंगापुर के लिए रवाना हुआ था. शुक्रवार को यात्रा शुरू करने के बाद अगले ही दिन जहाज के डूबने की खबर सामने आई. हादसे के बाद संबंधित एजेंसियां जहाज की यात्रा, उसके संचालन और समुद्री परिस्थितियों से जुड़े पहलुओं की जानकारी जुटा रही हैं. फिलहाल समुद्र में मौजूद चालक दल के बाकी सदस्यों को सुरक्षित निकालना सबसे बड़ी प्राथमिकता बनी हुई है.
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