बीजेपी में शामिल हुईं मैथिली ठाकुर, चुनाव लड़ना कंफर्म! किस सीट से उतरेंगी मैदान में?

लोक संगीत की चमक से मिथिला की शान बनी मैथिली ठाकुर ने अब गायक से आगे बढ़कर जनता सेवा की राह पकड़ने का निर्णय ले लिया है. मंगलवार को उन्होंने भाजपा का दामन औपचारिक रूप से थामा है, जिससे यह सियासी चर्चाएँ फिर से ताजातरार हो गई हैं कि वे बिहार विधानसभा चुनाव लड़ सकती हैं.

Bihar Assembly Elections 2025 Maithali Thakur Joins BJP Know from which seat will contest
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लोक संगीत की चमक से मिथिला की शान बनी मैथिली ठाकुर ने अब गायक से आगे बढ़कर जनता सेवा की राह पकड़ने का निर्णय ले लिया है. मंगलवार को उन्होंने भाजपा का दामन औपचारिक रूप से थामा है, जिससे यह सियासी चर्चाएँ फिर से ताजातरार हो गई हैं कि वे बिहार विधानसभा चुनाव लड़ सकती हैं. खबर है कि पार्टी उन्हें दरभंगा की अलीनगर सीट से मैदान में उतारने की योजना बना रही है. लेकिन इस दिशा में अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है.


मैथिली ठाकुर के भाजपा में शामिल होने की अटकलें तब तेज हुई थीं जब 5 अक्टूबर को पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े के साथ उनकी बातचीत की कुछ तस्वीरें वायरल हुईं. मैथिली ने खुद भी कहा था कि वे एनडीए का समर्थन करती हैं और भाजपा को प्राथमिकता देती हैं. दिल्ली की ज़िंदगी के बावजूद, उनका हृदय बिहार के विकास में सिकुड़ने की चाह रखता है, उन्होंने मंचों पर कहा है कि “बिहार में रहकर लोगों की सेवा करना चाहती हूँ.”

बेनीपट्टी की चाहत और अब अलीनगर की संभावित होड़

कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, मैथिली खुद बेनीपट्टी सीट से चुनाव लड़ने की इच्छुक थीं. लेकिन भाजपा ने पहली उम्मीदवारों की सूची में इस सीट से विनोद नारायण झा का नाम घोषित कर दिया है, जिससे बेनीपट्टी से मैथिली के चुनाव लड़ने की संभावना फिलहाल धूमिल नजर आ रही है. दूसरी ओर, अलीनगर सीट से उनकी उम्मीदवारी पर चर्चाएँ होने लगी हैं — लेकिन इस पर अभी पार्टी या मैथिली की ओर से कोई पक्का बयान नहीं आया है.

उनकी लोकप्रियता भाजपा के लिए अवसर

मैथिली ठाकुर ने पिछले कुछ वर्षों में सिर्फ बिहार में ही नहीं, बल्कि देश-विदेश में भी अपने संगीत और लोकगायकी से जन मान्यता कमाई है. सोशल मीडिया पर उनके लाखों फॉलोवर्स हैं. यही वजह है कि भाजपा उन्हें प्रचार अभियान में एक बड़ा रोल देना चाहती है. उनकी छवि, युवा वर्ग और मिथिला क्षेत्र से जुड़ाव पार्टी के लिए चुनावी अतिरिक्त ज़ोर बन सकता है.

अगला कदम क्या होगा?

वास्तविकता यही है कि आज तक मैथिली ने स्वयं चुनाव लड़ने की सार्वजनिक पुष्टि नहीं की है, और भाजपा ने भी उनकी सीट को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है. अलीनगर सीट की अफवाहें हैं, लेकिन पार्टी ने प्रतीक्षित उम्मीदवारों की सूची में अभी तक इस तरह का कोई संकेत नहीं दिया है. अब देखने वाला यह है कि आने वाले हफ्तों में क्या घोषणाएं होंगी. क्या मैथिली ठाकुर सचमुच चुनाव मैदान में उतरेंगी, और यदि हाँ, तो किस सीट से.

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