केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी 15 और 16 सितम्बर को पंजाब के बाढ़ प्रभावित जिलों के दो दिवसीय दौरे पर हैं. दौरे के पहले दिन 15 सितम्बर को उन्होंने तरनतारन जिले के ग्रामीण क्षेत्रों और खेतों में पहुंचकर किसानों से सीधा संवाद किया तथा फसलों और अन्य नुकसान का आकलन किया. उन्होंने किसानों को आश्वस्त किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार हर मुश्किल घड़ी में पंजाब के किसानों के साथ खड़ी है.
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री स्वयं पहले ही प्रभावित क्षेत्रों का हवाई और जमीनी सर्वेक्षण कर चुके हैं तथा केंद्र सरकार ने पंजाब के लिए ₹1600 करोड़ की आपात राहत सहायता मंजूर की है. इसके साथ ही मृतकों के परिजनों को ₹2 लाख और गंभीर रूप से घायलों को ₹50 हजार की अनुग्रह राशि देने का निर्णय लिया गया है. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि फसल नुकसान का आकलन करने हेतु विशेष गिरदावरी शुरू कर दी गई है और प्रभावित किसानों को बीमा, सिंचाई तथा बुनियादी ढाँचे की बहाली सहित हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.
तरनतारन प्रवास के दौरान चौधरी ने जिला प्रशासन, पुलिस अधीक्षक और अन्य अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की. उन्होंने राहत और पुनर्वास कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए यह सुनिश्चित करने पर बल दिया कि हर प्रभावित परिवार तक मदद समयबद्ध और पारदर्शी रूप से पहुंचे. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि और अन्य योजनाओं के माध्यम से भी अतिरिक्त सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.
उन्होंने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार वर्तमान राहत एवं पुनर्वास कार्यों के साथ-साथ भविष्य में आपदा प्रबंधन के लिए भी गंभीर है. फसल बीमा, जल प्रबंधन और सिंचाई नेटवर्क की मजबूती जैसे दीर्घकालिक उपायों पर काम किया जा रहा है, ताकि प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके. भागीरथ चौधरी ने कहा कि यह दौरा केवल औपचारिकता नहीं है, बल्कि किसानों की पीड़ा समझने और उन्हें वास्तविक सहयोग पहुंचाने का संकल्प है.
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