गूगल Chrome में आया ऑटो ब्राउज फीचर, Gmail खोले बिना भेज पाएंगे ईमेल, जानें इसके फायदे

इंटरनेट पर जानकारी ढूंढना, शॉपिंग करना या ट्रिप प्लान करना अब पहले से भी आसान हो गया है.

Auto browse feature in Google Chrome Gemini Ai
प्रतिकात्मक तस्वीर/ FreePik

नई दिल्ली: इंटरनेट पर जानकारी ढूंढना, शॉपिंग करना या ट्रिप प्लान करना अब पहले से भी आसान हो गया है. इसके पीछे की वजह है Google Chrome में नया Gemini AI असिस्टेंट और इसके साथ पेश किया गया ‘ऑटो ब्राउज’ फीचर. इस फीचर की मदद से यूजर अब Gmail खोले बिना ही ईमेल लिख सकते हैं, वेबसाइट्स पर ब्राउज़ कर सकते हैं और कई अन्य काम आसानी से कर सकते हैं.

गूगल के अनुसार, ऑटो ब्राउज फीचर एक तरह का AI एजेंट है, जो यूजर की तरफ से वेब पेज खोलने, लिंक पर क्लिक करने और जानकारी इकट्ठा करने जैसे काम कर सकता है.

ऑटो ब्राउज के प्रमुख फायदे-

शॉपिंग और ट्रिप प्लानिंग आसान:

Google Chrome के प्रोडक्ट डायरेक्टर Charmaine D’Silva का कहना है कि जेमिनी AI की मदद से यूजर अब परिवार के लिए ट्रिप प्लान कर सकते हैं. यह अलग-अलग एयरलाइन और होटल की वेबसाइटें खोलकर कीमतों की तुलना कर सकता है और सबसे बेहतर विकल्प सुझा सकता है.

Gmail के बिना मेल लिखना:

ऑटो ब्राउज फीचर की सबसे बड़ी खासियत यह है कि यह Gmail खोले बिना ईमेल भेज सकता है. इसका मतलब है कि आप सीधे क्रोम में ही AI असिस्टेंट की मदद से मेल तैयार और भेज सकते हैं.

व्यक्तिगत डेटा का इस्तेमाल:

इस फीचर के जरिए जेमिनी AI आपके Gmail, Google Search, Photos और YouTube डेटा का इस्तेमाल करके बेहतर और पर्सनलाइज्ड सुझाव दे सकता है. इसका 'पर्सनल इंटेलिजेंस' फीचर परिवार के ट्रिप, अपॉइंटमेंट्स और शेड्यूल के हिसाब से सबसे उपयुक्त विकल्प चुनने में मदद करता है.

AI एजेंट कई काम कर सकता है

गूगल क्रोम की वाइस प्रेसिडेंट Parisa Tabriz ने एक ब्लॉग पोस्ट में बताया कि टेस्टर्स ने इस फीचर का इस्तेमाल कई कार्यों के लिए किया है. इनमें शामिल हैं:

  • अपॉइंटमेंट बुक करना
  • ऑनलाइन फॉर्म भरना
  • टैक्स डॉक्यूमेंट इकट्ठा करना
  • प्लंबर या इलेक्ट्रिशियन से कोटेशन लेना
  • बिल चेक करना
  • एक्सपेंस रिपोर्ट फाइल करना
  • सब्सक्रिप्शन मैनेज करना
  • ड्राइविंग लाइसेंस रिन्यू करवाना

इन कामों के लिए ऑटो ब्राउज समय बचाने में बहुत मदद करता है.

साइन इन की सुविधा:

ऑटो ब्राउज फीचर Google Password Manager का इस्तेमाल करके यूजर की तरफ से वेबसाइट्स में लॉगिन भी कर सकता है. इस तरह यह फीचर व्यक्तिगत और सुरक्षित तरीके से काम करता है.

नैनो बनाना के साथ इंटीग्रेशन

ऑटो ब्राउज के साथ ही गूगल अपने इमेज जनरेशन टूल ‘नैनो बनाना’ को भी Chrome में शामिल कर रहा है. इसका मतलब है कि यूजर अब सीधे ब्राउजर में AI की मदद से इमेज जनरेट कर पाएंगे.

गूगल ने यह भी सुनिश्चित किया है कि AI किसी भी फाइनल फैसले को यूजर की अनुमति के बिना नहीं ले सकता. इसके अलावा, क्रोम का इंटरफेस भी अपडेट किया गया है. ब्राउजर के दाईं तरफ एक पैनल हमेशा दिखाई देगा, जिसमें जेमिनी चैटबॉट उपलब्ध रहेगा, चाहे आप किसी भी वेबसाइट पर हों.

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