BSF को जमीन देने से लेकर आयुष्मान योजना लागू करने तक... पहली मीटिंग में शुभेंदु कैबिनेट ने लिए ये बड़े फैसले

West Bengal Cabinet Meeting: पश्चिम बंगाल में बीजेपी सरकार के गठन के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की अध्यक्षता में पहली कैबिनेट बैठक हुई. इस बैठक में 6 बड़े और अहम फैसले लिए गए, जो राज्य की राजनीति और प्रशासनिक दिशा के लिए काफी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं.

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West Bengal Cabinet Meeting: पश्चिम बंगाल में बीजेपी सरकार के गठन के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की अध्यक्षता में पहली कैबिनेट बैठक हुई. इस बैठक में 6 बड़े और अहम फैसले लिए गए, जो राज्य की राजनीति और प्रशासनिक दिशा के लिए काफी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं. मुख्यमंत्री ने इस मौके पर चुनाव आयोग को धन्यवाद भी दिया और कहा कि राज्य में शांतिपूर्ण और सफल चुनाव कराने में मतदाताओं और आयोग की भूमिका सराहनीय रही.

1. चुनाव आयोग का धन्यवाद

कैबिनेट ने राज्य में हाल ही में हुए चुनावों की सफलता और शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखने के लिए सभी मतदाताओं और भारत निर्वाचन आयोग का आभार जताया. मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र को मजबूत बनाने में आयोग और जनता की भागीदारी बहुत महत्वपूर्ण है. यह कदम यह दिखाता है कि नई सरकार चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और निष्पक्षता को महत्व देती है.

2. 321 शहीद कार्यकर्ताओं को सम्मान

मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि भाजपा सरकार के गठन में योगदान देने वाले 321 कार्यकर्ताओं को श्रद्धांजलि दी गई. इन लोगों ने पार्टी की स्थापना और चुनाव में काम करते हुए अपने प्राणों की आहुति दी. मुख्यमंत्री ने वादा किया कि उनकी शहादत को हमेशा याद रखा जाएगा और उनके परिवारों को न्याय दिलाया जाएगा. यह कदम उन लोगों की याद में सम्मान और जिम्मेदारी दोनों को दर्शाता है.

3. BSF को जमीन आवंटन

राष्ट्रीय सुरक्षा और सीमावर्ती इलाकों में जनसांख्यिकीय बदलाव को ध्यान में रखते हुए BSF को बॉर्डर फेंसिंग के लिए जमीन देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. सरकार ने इसे तेजी से पूरा करने का लक्ष्य रखा है और यह काम 45 दिन के भीतर पूरा किया जाएगा. यह फैसला राज्य की सुरक्षा और सीमा प्रबंधन को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है.

4. आयुष्मान भारत योजना लागू करना

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि पश्चिम बंगाल अब केंद्र की स्वास्थ्य योजना आयुष्मान भारत का हिस्सा बन जाएगा. इसका मतलब है कि राज्य के लोगों को मुफ्त स्वास्थ्य बीमा और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी. मुख्यमंत्री ने कहा कि अब पीएम की सभी योजनाएं बंगाल में लागू होंगी, जिससे जनता को केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं का पूरा लाभ मिलेगा. यह कदम स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार और गरीब व मध्यम वर्ग के लिए राहत देने की दिशा में महत्वपूर्ण है.

5. नौकरशाहों की केंद्रीय ट्रेनिंग और BNS लागू करना

पिछली मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के समय रोकी गई नौकरशाहों की केंद्रीय ट्रेनिंग और तैनाती अब फिर से लागू कर दी गई है. यह कदम प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने और सरकारी कामकाज को बेहतर बनाने के लिए महत्वपूर्ण है. साथ ही, राज्य में अब तक लागू न हुई भारतीय न्याय संहिता (BNS) को भी आज से प्रभावी कर दिया गया है. इसका मतलब है कि अब सभी नए केस नए कानून के तहत दर्ज होंगे. इससे न्याय व्यवस्था में पारदर्शिता और प्रभावशीलता बढ़ेगी.

6. 2015 से बंद भर्ती प्रक्रिया शुरू करना

सरकार ने माना कि 2015 के बाद राज्य में कोई बड़ी भर्ती प्रक्रिया नहीं हुई. नई सरकार ने इसे सुधारने का वादा किया था और मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि जल्द ही नई भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी. इससे सरकारी नौकरियों में खाली पद भरने और युवाओं को रोजगार देने में मदद मिलेगी.

कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि ये सभी फैसले “नए बंगाल” की दिशा तय करेंगे. उनका कहना था कि ये कदम न केवल प्रशासनिक सुधार के लिए महत्वपूर्ण हैं बल्कि जनता के जीवन में भी बदलाव लाएंगे. विपक्षी दलों की प्रतिक्रिया का इंतजार है, लेकिन यह साफ़ है कि नई सरकार अपने शुरुआती कदमों के जरिए राज्य में तेजी और सुधार की दिशा दिखाना चाहती है.

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