इस्लामाबाद: पाकिस्तान में कतरी न्यूज चैनल अल जजीरा की वेबसाइट बंद होने की खबर सामने आई है. कई सोशल मीडिया यूजर्स ने दावा किया है कि पाकिस्तान में अल जजीरा की वेबसाइट नहीं खुल रही है. हालांकि, इस मामले में अभी तक पाकिस्तान सरकार या अल जजीरा की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है.
माना जा रहा है कि पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर यानी पीओके में चल रहे विरोध प्रदर्शनों की अल जजीरा की रिपोर्टिंग से सरकार और सेना नाराज हो सकती है. अल जजीरा पिछले कुछ समय से पीओके में राजनीतिक तनाव, हिंसा और मानवाधिकार से जुड़े मामलों को प्रमुखता से दिखा रहा था.
पीओके प्रदर्शन की रिपोर्टिंग कर रहा था अल जजीरा
पीओके में हो रहे प्रदर्शनों को लेकर पाकिस्तान के कई स्थानीय मीडिया संस्थान ज्यादा कवरेज नहीं कर रहे हैं. ऐसे में वहां के कई लोग अंतरराष्ट्रीय मीडिया की रिपोर्टों के जरिए हालात की जानकारी ले रहे हैं.
Muzaffarabad's residents, in Pakistan-administered Kashmir, have boycotted the election amid a strike, with protesters questioning how voting could proceed after unrest that has killed at least 80 people since June, according to local estimates. Al Jazeera’s Kamal Hyder reports. pic.twitter.com/ZzjOYpHxZf
— Al Jazeera English (@AJEnglish) August 2, 2026
सोशल मीडिया पर कई पाकिस्तानी यूजर्स का दावा है कि उन्हें पीओके में हुई हिंसा और सेना की कार्रवाई के बारे में सोशल मीडिया और विदेशी मीडिया से जानकारी मिली. हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है.
अल जजीरा ने दिखाई थी पीओके की स्थिति
अल जजीरा ने अपनी रिपोर्टों में पीओके में प्रदर्शन और पुलिस-सेना की कार्रवाई को लेकर कई खबरें दिखाई थीं. चैनल ने मुजफ्फराबाद और मीरपुर जैसे इलाकों में लोगों के विरोध प्रदर्शन और चुनाव बहिष्कार से जुड़ी रिपोर्ट भी प्रकाशित की थी.
एक रिपोर्ट में अल जजीरा ने प्रदर्शनकारियों पर गोलीबारी का जिक्र किया था और कई तस्वीरें व वीडियो भी दिखाए थे. रिपोर्ट में कई लोगों के मारे जाने का दावा किया गया था.
बैन की खबरों पर अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं
अल जजीरा पर प्रतिबंध लगाए जाने की खबरें अभी सोशल मीडिया दावों पर आधारित हैं. पाकिस्तान सरकार की ओर से इस बारे में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है. वहीं, अल जजीरा ने भी पाकिस्तान में अपनी वेबसाइट बंद होने को लेकर कोई बयान जारी नहीं किया है.
पीओके के पत्रकार शोएब खान ने अल जजीरा के पाकिस्तान में बंद होने की जानकारी दी है। भारत 24 इस दावे की स्वतंत्र तौर पर पुष्टि नहीं कर पाया है।
क्या कतर से बिगड़ सकते हैं पाकिस्तान के रिश्ते?
अगर पाकिस्तान ने सच में अल जजीरा पर रोक लगाई है तो इसका असर कतर के साथ उसके संबंधों पर पड़ सकता है. अल जजीरा कतर का प्रमुख न्यूज चैनल है और दोनों देशों के बीच आर्थिक रिश्ते काफी मजबूत हैं.
पाकिस्तान अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए कतर से बड़ी मात्रा में गैस आयात करता है. इसके अलावा कतर कई मौकों पर पाकिस्तान की आर्थिक मदद भी कर चुका है. ऐसे में अल जजीरा को लेकर उठाया गया कोई भी कदम दोनों देशों के रिश्तों में तनाव पैदा कर सकता है.
फिलहाल, अल जजीरा पर प्रतिबंध की खबरों को लेकर आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है.
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