'हाफिज सईद पर मुकदमा कब चलाएंगे?' भारतीय पत्रकार के सवाल पर मुंह फेरकर भागे शहबाज शरीफ, देखें Video

न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद को लेकर सवाल किया गया.

When will you prosecute Hafiz Saeed Indian journalist asks Shahbaz Sharif At Unga
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न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा के दौरान पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद को लेकर सवाल किया गया. सवाल सुनकर शरीफ ने कोई जवाब नहीं दिया और वहां से आगे बढ़ गए. गुरुवार को जब वह संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में पहुंचे तो पत्रकारों ने उनसे पूछा कि पाकिस्तान आतंकवादियों को पनाह देना कब बंद करेगा. इस पर भी उन्होंने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी.

UN मुख्यालय से बाहर निकलते समय पत्रकारों ने एक बार फिर शहबाज शरीफ से सवाल किया. उनसे पूछा गया, "आप लश्कर-ए-तैयबा के प्रमुख हाफिज सईद पर मुकदमा कब चलाएंगे?" इस सवाल का भी पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ने जवाब नहीं दिया और वह तेजी से वहां से निकल गए.

कौन है हाफिज सईद?

हाफिज सईद लश्कर-ए-तैयबा का संस्थापक है. उसे 26 नवंबर 2008 को मुंबई में हुए आतंकी हमलों का मास्टरमाइंड और मामले में मुख्य आरोपी के तौर पर वांछित बताया जाता है. भारत की जांच एजेंसी NIA ने हाल में 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले की साजिश में भी पाकिस्तान में मौजूद लश्कर-ए-तैयबा के गुर्गों की भूमिका का आरोप लगाया है.

NIA की सप्लीमेंट्री चार्जशीट में लश्कर-ए-तैयबा के संस्थापक और घोषित आतंकवादी हाफिज मुहम्मद सईद का नाम आरोपी नंबर 8 के तौर पर दर्ज है. उस पर पहलगाम हमले की बड़ी साजिश में शामिल होने का आरोप लगाया गया है. इससे एक दिन पहले भारत ने संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान पर निशाना साधते हुए कहा था कि इस्लामाबाद को सीमा-पार आतंकवाद को बढ़ावा देने के बजाय अपनी कर्ज में डूबी अर्थव्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए.

UNHRC में पाकिस्तान को भारत का जवाब

संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में भारत ने जवाब देने के अपने अधिकार का इस्तेमाल करते हुए पाकिस्तान के आरोपों का जवाब दिया. भारतीय राजनयिक क्षितिज त्यागी ने कहा कि पाकिस्तान की दुश्मनी वाली नीति उसकी खराब होती अर्थव्यवस्था को नहीं बचा सकती.

त्यागी ने कहा कि पाकिस्तान की प्राथमिकताएं सही दिशा में नहीं हैं. उन्होंने कहा कि दूसरे देशों की जमीन पर कब्जे या आतंकवाद फैलाने के बजाय पाकिस्तान को विकास पर ध्यान देना चाहिए, जिससे उसके लोगों की स्थिति बेहतर हो सके.

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