ड्रोन अटैक से दहला UAE, बराकाह न्यूक्लियर साइट के बाहरी इलाके में लगी आग; जानें पूरी जानकारी

UAE Drone Attack: संयुक्त अरब अमीरात के अल-अफरा क्षेत्र में स्थित बराकाह न्यूक्लियर पावर प्लांट के बाहरी इलाके में रविवार को ड्रोन हमले की घटना सामने आई. इस हमले के बाद एक बिजली जनरेटर में आग लग गई.

UAE shaken by drone attack fire breaks out on the outskirts of Barakah nuclear site
Image Source: Social Media

UAE Drone Attack: संयुक्त अरब अमीरात के अल-अफरा क्षेत्र में स्थित बराकाह न्यूक्लियर पावर प्लांट के बाहरी इलाके में रविवार को ड्रोन हमले की घटना सामने आई. इस हमले के बाद एक बिजली जनरेटर में आग लग गई. हालांकि अधिकारियों ने कहा है कि इस घटना में किसी के घायल होने की खबर नहीं है और न्यूक्लियर प्लांट की सुरक्षा पर भी कोई असर नहीं पड़ा है.

अबू धाबी मीडिया ऑफिस ने दी जानकारी

अबू धाबी मीडिया ऑफिस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट शेयर कर घटना की जानकारी दी. बयान में कहा गया कि अल-धफरा इलाके में स्थित बराकाह न्यूक्लियर पावर प्लांट के इंटरनल पेरिमीटर के बाहर एक बिजली जनरेटर में आग लगी थी. अधिकारियों के मुताबिक, आग ड्रोन हमले की वजह से लगी. घटना के तुरंत बाद सुरक्षा एजेंसियों और फायर टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को कंट्रोल कर लिया.

रेडियोलॉजिकल सेफ्टी पर नहीं पड़ा असर

अधिकारियों ने बताया कि इस घटना से रेडियोलॉजिकल सेफ्टी लेवल्स पर किसी तरह का असर नहीं पड़ा है. न्यूक्लियर प्लांट की सभी यूनिट्स सामान्य रूप से काम कर रही हैं. साथ ही यह भी कहा गया कि सभी जरूरी एहतियाती कदम उठा लिए गए हैं और हालात पूरी तरह नियंत्रण में हैं.

FANR ने भी दी सफाई

परमाणु विनियमन के लिए संघीय प्राधिकरण ने भी बयान जारी कर कहा कि आग का असर प्लांट की सुरक्षा व्यवस्था या जरूरी सिस्टम्स पर नहीं पड़ा है. अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे सिर्फ आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करें और अफवाहों से बचें.

हमले के पीछे कौन, अभी साफ नहीं

UAE की ओर से जारी बयान में यह नहीं बताया गया कि ड्रोन हमले के पीछे कौन जिम्मेदार है. हाल के समय में मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच UAE पर मिसाइल और ड्रोन हमलों की घटनाएं सामने आती रही हैं.  कुछ मामलों में अधिकारियों ने ईरान समर्थित समूहों पर निशाना साधने के आरोप लगाए थे. बताया जा रहा है कि इन हमलों का फोकस ऊर्जा परियोजनाओं और समुद्री इंफ्रास्ट्रक्चर पर रहा है.

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