AI, CCTV, 10 हजार पुलिसकर्मी... गणतंत्र दिवस पर दिल्ली मे सुरक्षा के कड़े इंतजाम, देख लें एडवाइजरी

देश के 77वें गणतंत्र दिवस समारोह को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए दिल्ली पुलिस ने अभूतपूर्व सुरक्षा इंतजाम किए हैं.

Tight security arrangements in Delhi on Republic Day advisory
प्रतिकात्मक तस्वीर/ ANI

Republic Day 2026: देश के 77वें गणतंत्र दिवस समारोह को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए दिल्ली पुलिस ने अभूतपूर्व सुरक्षा इंतजाम किए हैं. कर्तव्य पथ और नई दिल्ली जिले के आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षा के बहुस्तरीय प्रबंध किए गए हैं. इस बार सुरक्षा व्यवस्था को पहले से कहीं अधिक मजबूत बनाया गया है, क्योंकि खुफिया एजेंसियों को समारोह में खलल डालने की संभावनाओं से जुड़े कई इनपुट मिले हैं.

दिल्ली पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियां किसी भी तरह के खतरे को टालने के लिए पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं. सुरक्षा योजना में आधुनिक तकनीक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और पारंपरिक फिजिकल चेकिंग तीनों का समन्वय किया गया है.

आतंकी साजिशों के इनपुट के बाद सतर्कता

दिल्ली पुलिस के एडिशनल पुलिस कमिश्नर देवेश महला ने बताया कि इस बार गणतंत्र दिवस समारोह को लेकर आतंकी हमले की आशंका से जुड़े कई इनपुट प्राप्त हुए हैं. उनके अनुसार, परेड में बाधा डालने की कोशिश केवल खालिस्तानी आतंकी संगठनों तक सीमित नहीं है, बल्कि कुछ बांग्लादेशी संगठनों के सक्रिय होने की भी सूचनाएं हैं.

इन्हीं खतरों को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस, केंद्रीय जांच एजेंसियों और अर्धसैनिक बलों ने मिलकर सुरक्षा व्यवस्था में व्यापक बदलाव किए हैं.

सुरक्षा में AI तकनीक की बड़ी भूमिका

इस वर्ष सुरक्षा व्यवस्था की सबसे बड़ी खासियत आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का व्यापक इस्तेमाल है. पुलिसकर्मियों को AI से लैस विशेष चश्मे उपलब्ध कराए गए हैं, जो किसी भी संदिग्ध व्यक्ति को देखते ही तुरंत अलर्ट भेज देंगे.

इसके अलावा, फेस रिकॉग्निशन तकनीक से जुड़े हाई-डेफिनेशन कैमरे पूरे परेड रूट पर लगाए गए हैं. सिर्फ परेड मार्ग के लिए ही 6 विशेष CCTV कंट्रोल रूम बनाए गए हैं, जिनसे करीब 1,000 HD कैमरों की निगरानी की जा रही है.

पूरी नई दिल्ली CCTV की जद में

एडिशनल पुलिस कमिश्नर के मुताबिक, पूरे नई दिल्ली जिले में कुल 31 CCTV कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं. इसका मतलब है कि पूरा क्षेत्र कैमरों की निगरानी में रहेगा. सिस्टम में न केवल पहले से चिन्हित आतंकियों और संदिग्धों का डेटा अपलोड किया गया है, बल्कि यदि कोई ऐसा व्यक्ति भी नजर आता है, जो सामान्य व्यवहार से अलग दिखाई देता है, तो सिस्टम स्वतः अलर्ट जारी कर देगा.

खतरे के स्तर और अलग-अलग इनपुट के आधार पर AI तकनीक और फिजिकल सुरक्षा दोनों का इस्तेमाल किया जा रहा है.

तीन स्तरों में होगी जांच व्यवस्था

सुरक्षा को और पुख्ता करने के लिए फिजिकल चेकिंग और वाहन जांच को तीन-तीन स्तरों में बांटा गया है. नई दिल्ली जिले में लगभग 10,000 पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है, जिनके साथ अर्धसैनिक बलों की टुकड़ियां भी मौजूद रहेंगी.

परेड रूट को 26 अलग-अलग जोन में विभाजित किया गया है. हर जोन की जिम्मेदारी जिले, स्पेशल सेल और क्राइम ब्रांच के वरिष्ठ अधिकारियों को सौंपी गई है. दर्शकों की बैठने की व्यवस्था को भारतीय नदियों के नाम पर बनाए गए एन्क्लोजर के अनुसार विभाजित किया गया है, ताकि लोगों को उनके निर्धारित गेट और मार्ग से ही प्रवेश कराया जा सके.

कर्तव्य पथ पर मल्टी-लेयर्ड घेराबंदी

कर्तव्य पथ क्षेत्र में दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों की बहुस्तरीय घेराबंदी की गई है. पूरे इलाके पर CCTV कैमरों और अत्याधुनिक फेशियल रिकॉग्निशन सिस्टम से लगातार नजर रखी जा रही है.

हवाई निगरानी के लिए एंटी-ड्रोन यूनिट्स तैनात की गई हैं, जबकि ऊंची इमारतों पर स्नाइपर टीमों को भी तैनाती दी गई है. इसके अलावा संभावित खतरों को रोकने के लिए होटल, गेस्ट हाउस, किरायेदारों और घरेलू सहायकों का सघन सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है.

आमंत्रित मेहमानों के लिए जरूरी निर्देश

दिल्ली पुलिस ने सभी आमंत्रित अतिथियों और टिकट धारकों से अपील की है कि वे अपने निमंत्रण पत्र में दिए गए दिशा-निर्देशों को ध्यान से पढ़ें और केवल निर्धारित मार्गों का ही उपयोग करें. मार्ग, पार्किंग और एन्क्लोजर से जुड़ी पूरी जानकारी रक्षा मंत्रालय और दिल्ली पुलिस की आधिकारिक वेबसाइटों पर उपलब्ध कराई गई है.

एन्क्लोजर और मेट्रो स्टेशन की व्यवस्था

इस वर्ष गणतंत्र दिवस समारोह के एन्क्लोजर भारतीय नदियों के नाम पर रखे गए हैं. व्यास, ब्रह्मपुत्र, चंबल, चिनाब, गंडक, गंगा, घाघरा, गोदावरी, सिंधु और झेलम एन्क्लोजर के लिए आने वाले अतिथियों को उद्योग भवन मेट्रो स्टेशन पर उतरने की सलाह दी गई है.

वहीं कावेरी, कोसी, कृष्णा, महानदी, नर्मदा, पेन्नार, पेरियार, रावी, सोन, सतलुज, तीस्ता, वैगई और यमुना एन्क्लोजर के लिए सेंट्रल सेक्रेटेरिएट मेट्रो स्टेशन का उपयोग करने को कहा गया है. विशेष आमंत्रित अतिथियों को दिल्ली मेट्रो में निशुल्क यात्रा की सुविधा भी दी गई है.

दर्शकों से सहयोग की अपील

पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि वे निर्धारित चैनलाइजर में ही चलें, दिशा-सूचक बोर्डों का पालन करें और फ्रिस्किंग प्वाइंट्स पर सुरक्षा कर्मियों का सहयोग करें. सहायता के लिए कर्तव्य पथ के आसपास प्रमुख स्थानों पर पुलिस हेल्प डेस्क भी स्थापित किए गए हैं.

इन वस्तुओं पर पूरी तरह प्रतिबंध

सुरक्षा कारणों से एन्क्लोजर के भीतर कई वस्तुएं ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित किया गया है. इनमें बैग, ब्रीफकेस, खाने-पीने का सामान, मोबाइल फोन के अलावा अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, पावर बैंक, पानी की बोतल, हथियार, धारदार वस्तुएं, ज्वलनशील पदार्थ, छाते, परफ्यूम, खिलौना हथियार और किसी भी प्रकार के विस्फोटक शामिल हैं.

दिल्ली पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि नजर आए, तो तुरंत नजदीकी पुलिसकर्मी को सूचित करें या आपातकालीन नंबर 112 पर कॉल करें.

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