भगवान कृष्ण ने अपने ही पुत्र को दिया था कोढ़ी होने का श्राप, जानें सूर्य मंदिर से क्या है संबंध?

Shri Krishna Story: भगवान कृष्ण ने गुस्से में अपने ही पुत्र सांबा को कोढ़ी होने का श्राप दे दिया था. आइए जानते हैं क्या है इसकी पीछे की छिपी कहानी?

भगवान कृष्ण ने अपने ही पुत्र को दिया था कोढ़ी होने का श्राप, जानें सूर्य मंदिर से क्या है संबंध?

Krishna and Samba Interesting Stories: हिन्दू ग्रंथों-हिन्दू पुराणों में देवी-देवताओं से जुड़ी ऐसी कई रहस्यमय कहानियां हैं, जिनके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं. कुछ ऐसी ही एक कहानी भगवान कृष्ण और उनके पुत्र से जुड़ी है. जिसके बारे में कहा गया है कि भगवान कृष्ण ने गुस्से में अपने ही पुत्र सांबा को कोढ़ी होने का श्राप दे दिया था. आइए जानते हैं क्या है इसकी पीछे की छिपी कहानी.

श्रीकृष्ण ने क्यों दिया बेटे को श्राप?

कहा जाता है कि सांबा इतने ज्यादा आकर्षक थे कि भगवान कृष्ण की पटरानियां भी सांबा की सुंदरता से प्रभावित हो जाती थी. एक दिन श्रीकृष्ण की एक रानी ने सांबा की पत्नी का रूप धारण कर उसे आलिंगन में भर लिया था. लेकिन ये सब श्रीकृष्ण ने  देख लिया और गुस्से में सांबा को कोढ़ी हो जाने का श्राप दे दिया था. 

सूर्य मंदिर का करवाया निर्माण

जब भगवान कृष्ण ने अपने पुत्र को कोढ़ी होने का श्राप दे दिया था, तो इससे मुक्ति पाने के लिए सांबा ने सूर्य मंदिर का निर्माण करवाया था. मौजूदा समय में ये मंदिर  पाकिस्तान के मुलतान शहर में स्थित है, जिसे आदित्य मंदिर के नाम से जाना जाता है. सूर्य देव सांबा की तपस्या से प्रसन्न हो गए थे और उन्हें चंद्रभागा नदी में स्नान करने को कहा. इसलिए आज भी चंद्रभागा नदी में कोई स्नान करता है तो उसका कोढ़ ठीक हो जाता है. 

कौन थे सांबा ? 

श्रीकृष्ण और  जामवंती के पुत्र का नाम ही सांबा था.  जामवंती के साथा श्रीकृष्ण के विवाह के पीछे की भी एक कहानी है.  पुराणों के अनुसार, श्रीकृष्ण और जामवंत में 28 दिनों तक बहुमूल्य मणि हासिल करने के लिए युद्ध चला था. इस दौरान जब कृष्ण का असली रूप सामने आया तो उन्होंने अपनी पुत्री का विवाह श्रीकृष्ण से करवा दिया. 

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