इस्लामाबाद: पाकिस्तान के सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर ने एक बार फिर भारत के खिलाफ कड़े शब्दों में बयान जारी किया है. मुनीर ने कहा है कि यदि पाकिस्तान की क्षेत्रीय अखंडता को किसी भी तरह का खतरा पहुंचाया गया तो पाकिस्तान की सेना उसका दृढ़ और निर्णायक जवाब देगी. उनके इस बयान को भारत-पाक के बीच बढ़ती तनातनी और पिछले कुछ महीनों में दोनों देशों के बीच हुए सैन्य टकराव की पृष्ठभूमि में देखा जा रहा है.
मुनीर ने अपने भाषण में भारत की ओर से किसी भी तरह के सैन्य आक्रमण को न केवल खतरनाक बताया बल्कि कहा कि पाकिस्तान इस तरह की हरकतों को बेधड़क बर्दाश्त नहीं करेगा. उनका यह आक्रामक रुख इस बात का संकेत माना जा रहा है कि पाकिस्तान को भारत द्वारा ‘ऑपरेशन सिंदूर’ जैसी सैन्य कार्रवाई के पुनरावृत्ति का डर सता रहा है.
पाकिस्तान सेना प्रमुख का बयान
पाकिस्तानी मीडिया के अनुसार, जनरल असीम मुनीर ने मंगलवार को एक सुरक्षा और रक्षा कार्यक्रम के दौरान अपने विचार साझा किए. उन्होंने कहा कि पाकिस्तान क्षेत्रीय शांति और स्थिरता चाहता है, लेकिन वह अपनी सीमा और संप्रभुता की रक्षा के लिए हर संभव कदम उठाएगा. मुनीर ने स्पष्ट किया कि देश की सुरक्षा के लिए किसी भी खतरे का सामना करने के लिए पाक सेना पूरी तरह तैयार है और उसे किसी भी तरह की ‘गीदड़भभकी’ से डर नहीं लगता.
उन्होंने कहा, "म अपनी क्षेत्रीय अखंडता और संप्रभुता की रक्षा के लिए हमेशा सतर्क और तैयार हैं. यदि कोई बाहरी ताकत पाकिस्तान पर हमला करने की कोशिश करती है तो उसे कड़ा और निर्णायक जवाब मिलेगा. हमारे सैनिक अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं."
भारत पर आरोप और प्रॉक्सी युद्ध का हवाला
सेना प्रमुख ने भारत पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि देश के विभिन्न हिस्सों में आतंकवाद और अस्थिरता फैलाने के पीछे भारत के प्रॉक्सी गुटों का हाथ है. उन्होंने विशेष रूप से बलूचिस्तान में सक्रिय आतंकवादी गुटों का जिक्र किया और कहा कि पाकिस्तान की सेना उन सभी संगठनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर रही है जो देश की आंतरिक सुरक्षा को खतरा पहुंचा रहे हैं.
मुनीर ने बलूचिस्तान में सक्रिय गुटों को ‘फितना अल-हिंदुस्तान’ (भारत का षड्यंत्र) करार दिया और कहा कि पाकिस्तान अपनी सीमाओं पर किसी भी तरह के आतंकवादी हड़ताल को बर्दाश्त नहीं करेगा.
ऑपरेशन सिंदूर 2.0 का खतरा
सेना प्रमुख ने पिछले दिनों भारत द्वारा की गई ‘ऑपरेशन सिंदूर’ जैसी सैन्य कार्रवाई का उल्लेख करते हुए चेतावनी दी कि ऐसी कोई भी कार्रवाई पाकिस्तान बर्दाश्त नहीं करेगा. उन्होंने कहा, "भारत को यह समझना होगा कि ऐसे उकसावे पाकिस्तान के लिए खतरनाक साबित होंगे. हम किसी भी उकसावे का निर्णायक और सटीक जवाब देंगे."
यह बयान मई 2025 में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए चार दिनों के सैन्य टकराव के बाद आया है, जिसमें दोनों देशों ने सीमा पर गंभीर सैन्य गतिरोध का सामना किया था. उस संघर्ष के बाद से दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ा हुआ है और अक्सर सीमा पार गोलाबारी और जमीनी झड़पें होती रहती हैं.
अफगानिस्तान सीमा पर तनाव और चिंताएं
हाल ही में पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा विवाद भी तनाव का कारण बना है. पाकिस्तान को आशंका है कि अफगान सीमा पर बढ़ रहे तनाव का फायदा भारत उठा सकता है और किसी भी समय सैन्य कार्रवाई कर सकता है. इसी संदर्भ में पाकिस्तान की सेना प्रमुख की ओर से बढ़ते हुए आक्रामक रुख को देखा जा रहा है.
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