Mauni Amavasya: मौनी अमावस्या का स्नान आज, कड़ाके की ठंड में भी उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब, देखें VIDEO

आज देशभर में मौनी अमावस्या का पावन पर्व श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जा रहा है.

Mauni Amavsya Snan Brahma Muhurta Prayagraj Sangam
प्रतिकात्मक तस्वीर/ ANI

Mauni Amavasya: आज देशभर में मौनी अमावस्या का पावन पर्व श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जा रहा है. इस अवसर पर स्नान और दान का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है. शास्त्रों और धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मौनी अमावस्या के दिन ब्रह्म मुहूर्त में किया गया स्नान अत्यंत पुण्यदायी होता है. मान्यता है कि इस समय पवित्र नदियों में स्नान करने से व्यक्ति के पाप नष्ट होते हैं और आत्मा को शुद्धता प्राप्त होती है.

इन्हीं धार्मिक विश्वासों के चलते आज तड़के सुबह से ही प्रयागराज के संगम तट पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिल रही है. गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के संगम में आस्था की डुबकी लगाने के लिए देश के कोने-कोने से श्रद्धालु पहुंचे हैं.

करोड़ों श्रद्धालुओं के स्नान का अनुमान

प्रशासन के अनुसार, आज मौनी अमावस्या के अवसर पर करीब साढ़े तीन करोड़ श्रद्धालुओं के संगम में स्नान करने का अनुमान है. भारी भीड़ को देखते हुए मेला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड में है. किसी भी तरह की अव्यवस्था से बचने के लिए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं.

मेला पुलिस जल, थल और नभ तीनों माध्यमों से लगातार निगरानी कर रही है. ड्रोन कैमरों, नावों और सीसीटीवी की मदद से भीड़ की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है.

कब से कब तक है मौनी अमावस्या की तिथि?

धार्मिक पंचांग के अनुसार, मौनी अमावस्या की तिथि आज रात 12:03 बजे से शुरू हुई है और यह 19 जनवरी की रात 1:21 बजे तक रहेगी. इसी कारण आधी रात के बाद से ही श्रद्धालु संगम की ओर बढ़ने लगे थे और ब्रह्म मुहूर्त में पवित्र स्नान किया.

संगम नोज पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए संगम नोज पर विशेष सुरक्षा व्यवस्था की गई है. पुलिस और पीएसी के जवानों की बड़ी संख्या में तैनाती की गई है. स्नान के बाद श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है ताकि भीड़ एक जगह न रुके.

इसके अलावा, सुरक्षा को और मजबूत करने के लिए यूपी एटीएस भी विशेष सेंड व्हीकल और यूनिट के साथ मौके पर मुस्तैद है. किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है.

ठंड और कोहरे को भी मात दे रही श्रद्धा

मौसम की बात करें तो प्रयागराज में इन दिनों कड़ाके की ठंड और घना कोहरा छाया हुआ है. इसके बावजूद श्रद्धालुओं की आस्था में कोई कमी नहीं दिखी. तड़के सुबह से ही घने कोहरे के बीच लोग संगम घाट पर पहुंचते नजर आए.

ठंडी हवाओं और कम दृश्यता के बावजूद श्रद्धालु पवित्र स्नान कर पुण्य लाभ अर्जित कर रहे हैं. बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों में भी उत्साह देखने को मिला, जो इस पर्व की आध्यात्मिक महत्ता को दर्शाता है.

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